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Lucknow News: ओवरब्रिज निर्माण के लिए एनएचएआई से एनओसी का इंतजार
Sun, 03 Sep 2023 06:40 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Updated Sun, 03 Sep 2023 06:40 PM IST
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मुंशीगंज में 125 करोड़ से होगा निर्माण कार्य, जाम की समस्या से मिलेगी राहत
मुंशीगंज-डलमऊ राजमार्ग व रायबरेली-प्रयागराज हाईवे को जोड़ेगा ओवरब्रिज
फोटो संख्या 28
संवाद न्यूज एजेंसी
रायबरेली। मुंशीगंज कस्बे में रेलवे क्राॅसिंग पर प्रस्तावित ओवरब्रिज निर्माण की प्रक्रिया अंतिम चरण में चल रही है। सभी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद अब एनएचएआई से एनओसी मिलने का इंतजार है। सेतु निगम के अधिकारी एनओसी मिलने के बाद शासन से हरी झंडी मिलने की उम्मीद जता रहे हैं। यहां पर ओवरब्रिज बनने से न सिर्फ एम्स आने-जाने वाले राहगीरों, बल्कि मुसाफिरों को सहूलियत मिलेगी।
जाम की समस्या से राहत दिलाने के लिए 700 मीटर सड़क चौड़ीकरण और करीब 800 मीटर ओवरब्रिज का निर्माण कराया जाना है। चौड़ीकरण का काम तो चल रहा है, लेकिन ओवरब्रिज निर्माण के लिए शासन से हरी झंडी मिलने का इंतजार है। इसकी सभी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। ओवरब्रिज का एक सिरा रायबरेली-प्रयागराज हाईवे पर मुंशीगंज में बने बाईपास पर जाकर मिलेगा तो दूसरा सिरा मुंशीगंज कस्बे से 350 मीटर दूरी मुंशीगंज-डलमऊ पर गिरेगा। फोरलेन ओवरब्रिज के निर्माण में करीब सवा सौ करोड़ रुपये खर्च किए जाने हैं। सेतु निगम के सहायक अभियंता पीसी त्रिपाठी ने बताया कि ओवरब्रिज का एक सिरा हाईवे पर जाकर गिरेगा। इसके लिए एनएचएआई की एनओसी जरूरी है। एनओसी मिलने के लिए शासन को भेजी जाएगी। इसके बाद ही निर्माण की प्रक्रिया शुरू होगी।
इनसेट
खस्ताहाल सड़कों से उड़ रही धूल दुकानदारों को कर रही बीमार
फोटो संख्या 29, 30
लालगंज (रायबरेली)। कस्बे की खस्ताहाल सड़कों से उड़ने वाली धूल दुकानदारों को बीमार बना रही है। कस्बे के लखनऊ रोड रेलवे क्रॉसिंग से लेकर करुणा बाजार चौराहा, बीरा पासी चौक, बाईपास रोड, गांधी चौराहा से लेकर गुरदी का पुरवा गांव तक सड़क खस्ताहाल हो चुकी है। जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। दुकानदार अमित यादव ने बताया कि वाहनों के गुजरते समय इतनी धूल उड़ती है कि कोहरे जैसा एहसास हो जाता है। मृत्युंजय बाजपेयी, रवी मुरारका, पप्पू, गुड्डू, रमेश मिश्रा ने बताया कि धूल से दुकानों में रखा सामान खराब हो जाता है। इसी तरह बांदा से टांडा राष्ट्रीय राजमार्ग के बाईपास रोड पर सेमरपहा गांव के निकट सड़क पर गहरा गड्ढा हो गया है। किसी दिन कोई बड़ा हादसा हो सकता है। बाईपास के रेलवे ओवरब्रिज के टूटे होने के कारण उस रोड पर आवागमन प्रतिबंधित है। फिर भी डलमऊ रोड पर ओवरब्रिज के बगल से बड़े और छोटे वाहन बाईपास से होकर गुजरते हैं। सड़क पर मौरंग लदे ट्रकों के अलावा चौपहिया व दोपहिया वाहनों का दिन रात आवागमन रहता है। एनएचएआई के अफसरों ने गड्ढे की भराई कराने के बजाय उसके ऊपर से झंखाड़ रख दिया है। किसी दिन बड़ा हादसा हो सकता है।
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मुंशीगंज-डलमऊ राजमार्ग व रायबरेली-प्रयागराज हाईवे को जोड़ेगा ओवरब्रिज
फोटो संख्या 28
संवाद न्यूज एजेंसी
रायबरेली। मुंशीगंज कस्बे में रेलवे क्राॅसिंग पर प्रस्तावित ओवरब्रिज निर्माण की प्रक्रिया अंतिम चरण में चल रही है। सभी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद अब एनएचएआई से एनओसी मिलने का इंतजार है। सेतु निगम के अधिकारी एनओसी मिलने के बाद शासन से हरी झंडी मिलने की उम्मीद जता रहे हैं। यहां पर ओवरब्रिज बनने से न सिर्फ एम्स आने-जाने वाले राहगीरों, बल्कि मुसाफिरों को सहूलियत मिलेगी।
जाम की समस्या से राहत दिलाने के लिए 700 मीटर सड़क चौड़ीकरण और करीब 800 मीटर ओवरब्रिज का निर्माण कराया जाना है। चौड़ीकरण का काम तो चल रहा है, लेकिन ओवरब्रिज निर्माण के लिए शासन से हरी झंडी मिलने का इंतजार है। इसकी सभी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं। ओवरब्रिज का एक सिरा रायबरेली-प्रयागराज हाईवे पर मुंशीगंज में बने बाईपास पर जाकर मिलेगा तो दूसरा सिरा मुंशीगंज कस्बे से 350 मीटर दूरी मुंशीगंज-डलमऊ पर गिरेगा। फोरलेन ओवरब्रिज के निर्माण में करीब सवा सौ करोड़ रुपये खर्च किए जाने हैं। सेतु निगम के सहायक अभियंता पीसी त्रिपाठी ने बताया कि ओवरब्रिज का एक सिरा हाईवे पर जाकर गिरेगा। इसके लिए एनएचएआई की एनओसी जरूरी है। एनओसी मिलने के लिए शासन को भेजी जाएगी। इसके बाद ही निर्माण की प्रक्रिया शुरू होगी।
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खस्ताहाल सड़कों से उड़ रही धूल दुकानदारों को कर रही बीमार
फोटो संख्या 29, 30
लालगंज (रायबरेली)। कस्बे की खस्ताहाल सड़कों से उड़ने वाली धूल दुकानदारों को बीमार बना रही है। कस्बे के लखनऊ रोड रेलवे क्रॉसिंग से लेकर करुणा बाजार चौराहा, बीरा पासी चौक, बाईपास रोड, गांधी चौराहा से लेकर गुरदी का पुरवा गांव तक सड़क खस्ताहाल हो चुकी है। जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। दुकानदार अमित यादव ने बताया कि वाहनों के गुजरते समय इतनी धूल उड़ती है कि कोहरे जैसा एहसास हो जाता है। मृत्युंजय बाजपेयी, रवी मुरारका, पप्पू, गुड्डू, रमेश मिश्रा ने बताया कि धूल से दुकानों में रखा सामान खराब हो जाता है। इसी तरह बांदा से टांडा राष्ट्रीय राजमार्ग के बाईपास रोड पर सेमरपहा गांव के निकट सड़क पर गहरा गड्ढा हो गया है। किसी दिन कोई बड़ा हादसा हो सकता है। बाईपास के रेलवे ओवरब्रिज के टूटे होने के कारण उस रोड पर आवागमन प्रतिबंधित है। फिर भी डलमऊ रोड पर ओवरब्रिज के बगल से बड़े और छोटे वाहन बाईपास से होकर गुजरते हैं। सड़क पर मौरंग लदे ट्रकों के अलावा चौपहिया व दोपहिया वाहनों का दिन रात आवागमन रहता है। एनएचएआई के अफसरों ने गड्ढे की भराई कराने के बजाय उसके ऊपर से झंखाड़ रख दिया है। किसी दिन बड़ा हादसा हो सकता है।
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