{"_id":"6773492f01a9eacd210c72bf","slug":"up-police-three-terrorists-and-20-hardened-criminals-killed-in-2024-questions-raised-on-many-encounters-2024-12-31","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"यूपी पुलिस: 2024 में तीन आतंकियों और 20 दुर्दांत अपराधियों को किया ढेर, कई एनकाउंटरों पर उठे सवाल भी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूपी पुलिस: 2024 में तीन आतंकियों और 20 दुर्दांत अपराधियों को किया ढेर, कई एनकाउंटरों पर उठे सवाल भी
Tue, 31 Dec 2024 07:43 AM IST
रोहित मिश्र
अशोक मिश्र, अमर उजाला, लखनऊ
अशोक मिश्र, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: रोहित मिश्र
Updated Tue, 31 Dec 2024 07:43 AM IST
सार
2024 Year Ender: यूपी पुलिस ने 2024 में उल्लेखनीय काम किया है। कई एनकाउंटर को लेकर प्रदेश पुलिस सवालों के घेरे में भी रही, लेकिन ऐसी कार्रवाई से प्रदेश पुलिस कानून का इकबाल कायम रखने में सफल रही।
विज्ञापन
चर्चाओं में रहे पुलिस के कई एनकाउंटर।
- फोटो : अमर उजाला।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
प्रदेश पुलिस ने वर्ष 2024 में तीन खालिस्तानी आतंकियों और 20 दुर्दांत अपराधियों को ढेर किया। इनमें एसटीएफ की कार्रवाई में मारे गए नौ इनामी अपराधी भी हैं। इन पर दो लाख से लेकर एक लाख रुपये तक का इनाम था। कई एनकाउंटर को लेकर प्रदेश पुलिस सवालों के घेरे में भी रही, लेकिन ऐसी कार्रवाई से प्रदेश पुलिस कानून का इकबाल कायम रखने में सफल रही।
विज्ञापन
एसटीएफ ने जिन नौ अपराधियों को ढेर किया, उनमें सुल्तानपुर में सराफा की दुकान में डकैती डालने वाला एक लाख का इनामी मंगेश यादव भी है। बिहार के दो लाख का इनामी अपराधी नीलेश कुमार के साथ एक लाख के इनामी अपराधी विनोद कुमार उपाध्याय, शाहनूर उर्फ शानू, पंकज यादव, अनुज प्रताप सिंह, मो. जाहिद उर्फ सोनू, अनिल उर्फ सोनू उर्फ मटका भी एसटीएफ के साथ हुए एनकाउंटर में मारे गए। जनवरी से दिसंबर तक एसटीएफ ने कुल 769 अपराधियों को गिरफ्तार किया। इनमें 139 पर इनाम था।
विज्ञापन
कानून-व्यवस्था के मोर्चे पर बेहतर प्रदर्शन
प्रदेश पुलिस ने कानून-व्यवस्था के मोर्चे पर भी बेहतर प्रदर्शन किया। धार्मिक स्थलों काे लेकर उपजे विवादों के बाद शांति-व्यवस्था कायम रखने में अहम भूमिका निभाई। बहराइच और संभल में हिंसा भड़कने पर पुलिस ने तत्काल सख्त कार्रवाई की, जिससे हालात पर काबू पाया जा सका। लोकसभा चुनाव में भी यूपी पुलिस ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए रैलियों, वीवीआईपी मूवमेंट को सकुशल संपन्न कराया। इसी तरह बिना किसी बाधा के अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट मैच भी संपन्न कराए।
विज्ञापन
पेपर लीक की चुनौती भी
प्रदेश में 60,244 सिपाहियों की सीधी भर्ती की परीक्षा फरवरी में किया गया था, हालांकि उसका पेपर लीक होने के बाद अगस्त में दोबारा परीक्षा कराई गई। एसटीएफ ने पेपर लीक करने वाले गिरोह के अधिकतर सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। दोबारा पेपर कराने से पहले नकल माफिया और पेपर लीक गिरोह के एक हजार से ज्यादा सदस्यों को रडार पर रखने से बिना किसी गड़बड़ी के परीक्षा संपन्न कराई जा सके। वहीं राज्य सरकार ने भी पेपर लीक की घटनाओं को रोकने के लिए सख्त नियम बनाने के साथ लागू कराए।
अपराधियों को सजा कराने में आगे
प्रदेश पुलिस ने 1 जनवरी 2024 से 15 दिसंबर 2024 तक 2440 लोगों को सजा दिलाई है। विशेष अभियान चलाकर 1 जुलाई 2023 से लेकर 11 दिसंबर 2024 तक 48 अपराधियों को मृत्युदंड दिलाया। इसी अवधि में 6065 मामलों में आजीवन कारावास, 1046 मामलों में 20 वर्ष और उससे अधिक सजा, 73 को 15 से 19 वर्ष की सजा, 3610 को 10 से 14 वर्ष, 5564 को 5 से 9 वर्ष और 22298 को पांच वर्ष से कम की सजा दिलाई है। दुष्कर्म के मामलों में 29 लोगों को सजा कराई। पुलिस की मुस्तैदी से हत्या के मामलों में 48.57 फीसदी, दहेज मृत्यु में 16.68, दुष्कर्म में 25.34 और शीलभंग में 14.31 फीसदी की कमी आई है।
प्राण प्रतिष्ठा में दिखाया कौशल
वर्ष 2024 में राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा समारोह व अन्य महत्वपूर्ण आयोजनों को सफलतापूर्वक संपन्न कराके यूपी पुलिस अपने प्रबंधन कौशल को साबित किया है। प्राण प्रतिष्ठा होने के बाद अयोध्या में भीड़ प्रबंधन भी बड़ी चुनौती थी, जिसके लिए पुलिस ने अपने कौशल का परिचय देते हुए कोई अप्रिय घटना नहीं होने दी। पर्व-त्योहार भी पुलिस की मुस्तैदी से सकुशल संपन्न हुए। हालांकि, हाथरस में सत्संग के दौरान मची भगदड़ में 123 श्रद्वालुओं की मौत ने खाकी को अपनी तैयारियों के बारे में सोचने को मजबूर भी किया।
अपराधियों को सजा कराने में आगे
प्रदेश पुलिस ने 1 जनवरी 2024 से 15 दिसंबर 2024 तक 2440 लोगों को सजा दिलाई है। विशेष अभियान चलाकर 1 जुलाई 2023 से लेकर 11 दिसंबर 2024 तक 48 अपराधियों को मृत्युदंड दिलाया। इसी अवधि में 6065 मामलों में आजीवन कारावास, 1046 मामलों में 20 वर्ष और उससे अधिक सजा, 73 को 15 से 19 वर्ष की सजा, 3610 को 10 से 14 वर्ष, 5564 को 5 से 9 वर्ष और 22298 को पांच वर्ष से कम की सजा दिलाई है। दुष्कर्म के मामलों में 29 लोगों को सजा कराई। पुलिस की मुस्तैदी से हत्या के मामलों में 48.57 फीसदी, दहेज मृत्यु में 16.68, दुष्कर्म में 25.34 और शीलभंग में 14.31 फीसदी की कमी आई है।
प्राण प्रतिष्ठा में दिखाया कौशल
वर्ष 2024 में राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा समारोह व अन्य महत्वपूर्ण आयोजनों को सफलतापूर्वक संपन्न कराके यूपी पुलिस अपने प्रबंधन कौशल को साबित किया है। प्राण प्रतिष्ठा होने के बाद अयोध्या में भीड़ प्रबंधन भी बड़ी चुनौती थी, जिसके लिए पुलिस ने अपने कौशल का परिचय देते हुए कोई अप्रिय घटना नहीं होने दी। पर्व-त्योहार भी पुलिस की मुस्तैदी से सकुशल संपन्न हुए। हालांकि, हाथरस में सत्संग के दौरान मची भगदड़ में 123 श्रद्वालुओं की मौत ने खाकी को अपनी तैयारियों के बारे में सोचने को मजबूर भी किया।