{"_id":"62daf6c5823ee2796b7ee04d","slug":"up-news-verification-of-beneficiaries-of-kisan-samman-nidhi-will-be-done","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP News : किसान सम्मान निधि के लाभार्थियों का होगा सत्यापन, लेखपालों को मिलेगी प्रोत्साहन राशि","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP News : किसान सम्मान निधि के लाभार्थियों का होगा सत्यापन, लेखपालों को मिलेगी प्रोत्साहन राशि
Sat, 23 Jul 2022 12:43 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sat, 23 Jul 2022 12:43 AM IST
सार
अपात्र व मृत किसानों को निधि मिलने की शिकायतें सामने आने के बाद सरकार ने उठाया कदम। लेखपालों को बतौर प्रोत्साहन प्रति सत्यापन दिए जाएंगे दो रुपये।
विज्ञापन
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
प्रदेश में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थी किसानों का सत्यापन होगा। कृषि विभाग के प्रस्ताव पर राजस्व विभाग योजना में लाभार्थी किसानों के नाम, पिता का नाम और गाटा संख्या के आधार पर सत्यापन करेगा। लेखपालों को प्रत्येक सत्यापन के लिए दो रुपये प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
विज्ञापन
प्रदेश में लाखों किसानों को अधूरे रिकॉर्ड के बावजूद पीएम किसान निधि का भुगतान करने के मामले सामने आए हैं। पोर्टल पर किसानों के पिता का नाम, गाटा संख्या व रकबा की जानकारी के बिना उनको लाभ दिया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक हर गांव में करीब सौ से दो सौ तक ऐसे किसान सामने आए हैं।
विज्ञापन
कृषि विभाग के प्रस्ताव पर अब राजस्व विभाग ने योजना के लाभार्थी किसानों का सर्वे और सत्यापन शुरू किया है। भारत सरकार की ओर से उपलब्ध कराए गए आधार नंबर से प्रधानमंत्री किसान योजना के पोर्टल और सोशल ऑडिट के समय तैयार की गई सूची मिलान कर पिता का नाम अंकित किया जाएगा। तहसील के रिकॉर्ड के आधार पर उनका भू अभिलेख विवरण भी दर्ज किया जाएगा।
विज्ञापन
कृषि विभाग को देना होगा पूरा रिकॉर्ड
राजस्व विभाग के प्रमुख सचिव सुधीर गर्ग ने कहा कि कृषि विभाग को पीएम सम्मान निधि के लाभार्थी किसानों का सर्वे कराने के लिए लेखपालों को किसानों का पूरा रिकॉर्ड देना होगा। लाभार्थी किसान का नाम, पिता का नाम, गाटा संख्या सहित आवश्यक रिकॉर्ड मिलने के बाद ही लेखपाल सर्वे और सत्यापन करेंगे। गौरतलब है कि लेखपाल संघ ने बीते दिनों बिना रिकॉर्ड मिले सत्यापन करने में असमर्थता जाहिर की थी।