{"_id":"669a89e0daf40229d20884f2","slug":"up-news-notification-issued-for-state-capital-region-2024-07-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP News: राज्य राजधानी क्षेत्र की अधिसूचना जारी, मुख्यमंत्री बने अध्यक्ष, मुख्य सचिव उपाध्यक्ष","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP News: राज्य राजधानी क्षेत्र की अधिसूचना जारी, मुख्यमंत्री बने अध्यक्ष, मुख्य सचिव उपाध्यक्ष
Fri, 19 Jul 2024 09:14 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Fri, 19 Jul 2024 09:14 PM IST
सार
उत्तर प्रदेश राज्य राजधानी क्षेत्र में लखनऊ समेत छह जिले शामिल होंगे। इसका कुल अधिग्रहित क्षेत्र 27,826 वर्ग किमी होगा। कई विभागों के अधिकारियों को इसका सदस्य बनाया गया है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) की तर्ज पर उप्र राज्य राजधानी क्षेत्र (एससीआर) विकास प्राधिकरण की अधिसूचना शासन ने शुक्रवार को जारी कर दी। मुख्यमंत्री को प्राधिकरण का अध्यक्ष बनाया गया है, जबकि मुख्य सचिव उपाध्यक्ष रहेंगे।
विज्ञापन
इसके अलावा विभिन्न विभागों के अधिकारियों, जिलों के डीएम, विकास प्राधिकरणों के उपाध्यक्षों को प्राधिकरण का सदस्य नामित किया गया है। अपर मुख्य सचिव आवास एवं शहरी नियोजन नितिन रमेश गोकर्ण द्वारा जारी अधिसूचना में लखनऊ समेत छह जिलों को एससीआर में शामिल किया गया है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - पूर्व मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य व उनकी बेटी संघमित्रा मौर्य फरार घोषित, एमपीएमएलए कोर्ट का फैसला
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - रेल हादसे के 26 घंटे बाद बहाल हुआ ट्रैक, अप ट्रैक से मालगाड़ी और फिर गोरखधाम एक्सप्रेस रवाना की गई
शासन की ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक एससीआर में लखनऊ, हरदोई, सीतापुर, उन्नाव, रायबरेली और बाराबंकी को शामिल किया गया है। इन जिलों की 27,826 वर्ग किमी भूमि को एससीआर में शामिल किया गया है। इसका मुख्यालय राजधानी में बनाया जाएगा।
बता दें कि इसके गठन के लिए राज्य सरकार ने पिछले दिनों अध्यादेश जारी किया था, जिसमें एससीआर और अन्य क्षेत्र विकास प्राधिकरण के गठन की व्यवस्था दी गई थी। इसके गठन से लखनऊ के साथ ही आसपास के सभी पांच अन्य शहरों का जहां सुनियोजित विकास किया जाएगा, वहीं इन शहरों में नागरिक और अवस्थापना सुविधाओं का भी तेजी से विकास हो सकेगा।
एससीआर बनने से प्रदेश के आर्थिक विकास को भी गति मिलेगी। इन जिलों का विकास दिल्ली एनसीआर की तर्ज पर किया जाएगा। सभी प्राधिकरणों के सहयोग और समन्वय से विकास परियोजनाओं को गति मिलेगी। किसी प्राधिकरण का विलय नहीं होगा। सभी का अस्तित्व बरकरार रहेगा।