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यूपी: हाईकोर्ट ने रद्द की डी फार्मा कोर्स की पूरी काउंसिलिंग प्रक्रिया, पांच कॉलेजों की याचिकाओं पर किया फैसला
Thu, 10 Jul 2025 10:42 PM IST
रोहित मिश्र
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: रोहित मिश्र
Updated Thu, 10 Jul 2025 10:42 PM IST
सार
High Court canceled counseling: इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने फार्मेसी काॅलेजों को डी फार्मा कोर्स की मंजूरी न देने के मामले पूरी काउंसिलिंग प्रक्रिया को अगले आदेश तक रद्द कर दिया है।
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लखनऊ हाईकोर्ट का फैसला।
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ ने फार्मेसी काॅलेजों को डी फार्मा कोर्स की मंजूरी न देने के मामले में डी फार्मा कोर्स की पूरी काउंसिलिंग प्रक्रिया को रद्द कर दिया है। साथ ही फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया (पीसीआई) को कोर्स की मंजूरी के लिए काॅलेजों के लंबित आवेदनों पर दो हफ्ते में आदेश पारित करने का निर्देश दिया।
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न्यायमूर्ति पंकज भाटिया की एकल पीठ ने यह फैसला अयोध्या के रामनेवाज सिंह फार्मेसी काॅलेज समेत पांच फार्मेसी काॅलेजों की याचिकाएं मंजूर करके दिया। याची काॅलेजों की ओर से कहा गया कि पीसीआई को काॅलेजों को डी फार्मा कोर्स चलाने की मंजूरी देने थी। इसके लिए काॅलेजों ने आवेदन किया। इसके बावजूद पीसीआई ने मौजूदा सत्र के लिए उनके आवेदनों पर कोई आदेश पारित नहीं किया। जबकि, मंजूरी मिलने के बाद ही काॅलेज संबद्धता ले सकते हैं।
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याचिका में दलील दी गई की एक और तो मंजूरी के आवेदनों को निस्तारित करने के लिए कोई कदम नहीं उठाए गए, वहीं दूसरी तरफ काउंसिलिंग प्रक्रिया का कार्यक्रम जारी कर दिया गया। उधर, राज्य सरकार और पीसीआई के अधिवक्ता भी पेश हुए। कोर्ट ने सुनवाई के बाद एक मामले के फैसले का हवाला देकर पूरी काउंसिलिंग प्रक्रिया रद्द कर दी। साथ ही पीसीआई को कोर्स की मंजूरी के लिए काॅलेजों के लंबित आवेदनों पर दो हफ्ते में आदेश पारित करने का निर्देश दिया। कोर्ट ने मामले के कई बिंदुओं पर पीसीआई को नीतिगत निर्णय लेने का भी निर्देश दिया है।
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