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UP: प्रशिक्षु अफसरों से मिले सीएम योगी, बोले- आम आदमी की समस्याओं को समझें, उसे हर हाल में प्राथमिकता दें
Tue, 02 Jul 2024 12:27 PM IST
ishwar ashish
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Tue, 02 Jul 2024 12:27 PM IST
सार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रशिक्षु अफसरों से मुलाकात कर कहा कि संवाद, अच्छा व्यवहार और शुचिता से हर समस्या का समाधान होता है। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं को कभी छोटा न समझें।
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प्रशिक्षु अधिकारियों के साथ सीएम योगी ने की मुलाकात।
- फोटो : CM Yogi Facebook post
विस्तार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को अपने सरकारी आवास पर भारतीय प्रशासनिक सेवा में चयनित प्रशिक्षु अफसरों (2023 बैच) से मुलाकात की। सीएम ने सभी को शुभकामनाएं दीं, फिर अफसरों का मार्गदर्शन किया। सीएम ने कहा कि संवाद, अच्छा व्यवहार और अपने कार्यों में शुचिता बनाए रखें, इससे हर समस्या का समाधान होगा। सीएम ने प्रशिक्षण के दौरान फील्ड में किए गए कार्यों के बारे में भी अफसरों से जानकारी ली। सीएम ने शुभकामनाएं देते हुए कहा कि बेहतरीन पारी खेलिए और कुछ नयापन दीजिए।
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अभी से तय कीजिए दृष्टि और दिशा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि लोकतंत्र में संवाद सबसे बड़ी ताकत है। फील्ड में जब भी जाएं तो आमजन से संवाद स्थापित करें। संवाद शून्य होने से लोगों में असंतोष होता है। उनसे अच्छा व्यवहार करें और कार्यों में शुचिता बरकरार रखें। इससे आपकी छवि अलग और अतुलनीय बनेगी। आम आदमी की किसी भी समस्या को छोटी न समझें, क्योंकि पीड़ित के लिए वह समस्या काफी मायने रखती है। समस्या का समाधान हो जाता है तो वह अधिकारी आमजन का विश्वास हासिल कर लेता है। जमीनी धरातल पर जुड़े लोगों से कभी कटें नहीं। किसी भी समस्या को बड़ी न बनने दें, बल्कि संवाद के जरिए उसका तत्काल रास्ता निकालें। प्रशिक्षु अधिकारी जनप्रतिनिधियों से भी संवाद स्थापित करें।
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टालने की आदत छोड़ें, पीड़ित की सुनवाई करें
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि टालने की आदत छोड़ें। पीड़ित की सुनवाई करें। टालने की आदत से असंतोष पैदा होता है। यह आदत ठीक नहीं होती। समय पर निर्णय लेने की आदत डालें। आईजीआरएस-सीएम हेल्पलाइन की शिकायत सीधे हमारे पास इसलिए आती, क्योंकि सुनवाई स्थानीय स्तर पर ठीक से नहीं होती। इसलिए पीड़ित की सुनवाई करें और मेरिट के आधार पर समयसीमा के भीतर समस्याओं का निस्तारण भी करें। सीएम ने यह भी कहा कि प्रतिदिन एक घंटा जनता की सुनें। जनप्रतिनिधियों व स्थानीय संगठनों की समस्याएं भी सुनें।
सीखने और पढ़ने की आदत निरंतर रखें
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रशिक्षु अफसरों से कहा कि सीखने और पढ़ने की आदत निरंतर रखें। शासन से कोई जीओ गया है तो उसे स्वयं पढ़ें, न कि किसी अन्य पर निर्भर रहें। आपकी दृष्टि औरों से अलग होगी। इसे पढ़कर रिजल्ट में बदलें। प्रशासनिक अधिकारी के रूप में अच्छा मॉडल दें। इससे आपके अधीनस्थ भी कार्यों में रूचि लेंगे। गांवों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य करें। मॉडल विलेज बनाने की तरफ सोचें। इसके लिए ग्रामीणों से संवाद करें, श्रमदान के जरिए भी कई कार्य प्राथमिकता से हो सकते हैं। सीएम ने कहा कि अफसर के रूप में नगर निकायों, तहसीलों, थाने और ब्लॉक को स्वावलंबी बनाएं। सीएम ने अफसरों को सीख दी कि गलत तत्वों से हर हाल में दूरी बनाएं। घर की बजाय लोगों को ऑफिस में बुलाएं और वहीं संवाद बनाएं।
यह प्रशिक्षु अफसर रहे मौजूद
अनुभव सिंह, दीपक सिंहवाल, गुंजिता अग्रवाल, ईशिता किशोर, काव्या सी, महेंद्र सिंह, चलुआ राजू, नारायणी भाटिया, नितिन सिंह, रिंकू सिंह राही, साहिल कुमार, साईं आश्रित शाखामूरी, शिशिर कुमार सिंह, स्मृति मिश्रा, स्वाति शर्मा और वैशाली।