यूपी : मुख्यमंत्री ने अभियंताओं को दिया नियुक्ति पत्र, बोले-भ्रष्टाचार का अड्डा रहे विकास प्राधिकरणों की कार्यशैली बदली
मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले महीने से कानपुर और आगरा में भी मेट्रो की सेवा शुरू होने की संभावना है। इसी तरह कई और शहरों में भी त्वरित परिवहन सेवा शुरू करने को लेकर मंथन चल रहा है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को आवास एवं नियोजन विभाग के नव चयनित सहायक अभियंताओं (सिविल व विद्युत एंव यांत्रिक) को नियुक्ति पत्र दिया। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने उन्हें पारदर्शिता और ईमानदारी के साथ काम करने की नसीहत भी दी। उन्होंने कहा कि अगर आप जैसे युवा इंजीनियर लगन और कर्मठता के साथ अपनी जिम्मेदारी निभाई तो जल्द ही यूपी अर्थव्यवस्था के लिहाज से देश का पहला राज्य बन सकता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि एक समय में विकास प्राधिकरणों की पहचान भ्रष्टाचार के अड्डे के तौर होती थी, लेकिन मौजूदा सरकार ने प्राधिकरणों की कार्यशैली में व्यापक बदलाव करके व्यवस्था में सुधार किया है।
कालीदास मार्ग स्थित आवास पर आयोजित कार्यक्रम में अभियंताओं को नियुक्ति पत्र देने के बाद संबोधित करते हुए कहा कि आवास विभाग इस समय देश का सबसे महत्वपूर्ण विभाग है। गरीबों को किफायती व टिकाऊ आवासों की जरूरत पूरी करने के अलावा बड़े शहरों में रैपिड रेल और मेट्रो जैसी आधुनिक परिवहन सुविधाएं मुहैया कराने और प्रबंधन की जिम्मेदारी भी इसी विभाग पर है। चूंकि इस तरह की सुविधाएं तकनीक आधारित होती हैं, इसलिए अभियंताओं की बड़ी भूमिका होती है। इसलिए इनोवेटिव सोच और ईमानदारी से काम करने की जरूरत है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2002 से 2017 तक विकास प्राधिरकरणों में भ्रष्टाचार का ही बोलबाला था। आम जनता के लिए मकान का नक्शा तक पास कराना मुश्किल होता था। हर टेबल पर जनता का शोषण होता था. लेकिन मौजूदा सरकार ने उनकी कार्यशैली में बदलाव करते हुए सभी तरह के कार्यों को करने की समय सीमा लागू की है। नक्शा पास कराने की ऑनलाइन व्यवस्था लागू कर भ्रष्टाचार को खत्म किया गया है। विशेष शिविर लगाकर लंबित मामलों का निस्तारण किया जा रहा है। लोगों को अब निर्धारित शुल्क के अलावा एक रूपया भी अतिरिक्त नहीं खर्च करना पड़ रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यूपी में अब नौकरी पानी के लिए सिफारिश की जरूरत नहीं है। सरकार बिना भेदभाव के पात्र युवाओं को नौकरी दे रही है। साढ़े चार साल में 4.50 लाख को नौकरी दी गई है। यानि हर साल एक लाख रोजगार देने का औसत रहा है। उन्होंने नवचयनित अभियंताओं को सलाह देते हुए कहा कि अगर आप जैसे युवा शुचिता और ईमानदारी से काम करेंगे तो साढ़े चार साल में छठवीं से दूसरे नंबर की अर्थव्यवस्था तक पहुंचने वाला यूपी बहुत जल्द देश में नंबर एक पर होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2002 से 2017 तक के काल में जितने युवाओं को सरकारी नौकरी नहीं मिली, उतनी अकेले 2017 से 2021 के बीच मिली है। इन भर्तियों में एक पर भी उंगली नहीं उठाई जा सकती है। चयन आयोगों को सरकार ने पूरी स्वतंत्रता दी और किसी तरह का अनावश्यक हस्तक्षेप नहीं किया गया।
अगले महीने कानपुर व आगरा में शुरू होगी मेट्रो
मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले महीने से कानपुर और आगरा में भी मेट्रो की सेवा शुरू होने की संभावना है। इसी तरह कई और शहरों में भी त्वरित परिवहन सेवा शुरू करने को लेकर मंथन चल रहा है। उन्होंने कहा कि बड़े शहरों में अवैध रूप से बसी आबादी वाले मुहल्लों की भी जीआईएस मैपिंग कराके उनके लिए लिए भी आवासीय योजना शुरू की गई है। इस मौके पर आवास राज्य मंत्री गिरीश चंद्र यादव ने कहा कि बीते 12 वर्ष में पहली बार आवास विभाग में नियुक्तियां हो रही हैं। प्रमुख सचिव आवास दीपक कुमार ने बताया कि इस वर्ष से विभाग नवनियुक्त अभियंताओं के 15 दिवसीय प्रशिक्षण का कार्यक्त्रस्म शुरू कर रहा है। बहुत जल्द प्रदेश में जल संचयन का मास्टर प्लान भी तैयार होगा।