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UP: अखिलेश बोले चुनाव में गड़बड़ी करने वाले हों निलंबित, केशव मौर्य का पलटवार-राहुल-अखिलेश राजतंत्र का प्रतीक

Mon, 11 Aug 2025 09:22 PM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ Published by: रोहित मिश्र Updated Mon, 11 Aug 2025 09:22 PM IST
सार

Akhilesh Yadav:चुनाव आयोग पर लग रहे आरोपों के बीच यूपी के नेताओं में वाकयुद्ध शुरू हो गया है। अखिलेश यादव के बयान पर केशव मौर्य ने पलटवार किया है। 

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UP: Akhilesh said those who create disturbance in elections should be suspended, Keshav Maurya retorts- Rahul-
केशव प्रसाद मौर्य व अखिलेश यादव - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

सपा अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि हमने चुनाव आयोग को 18 हजार वोट कटने पर शपथपत्र दिया था। उपचुनाव में जो वोटों की लूट हुई, उसकी जानकारी दी थी। चुनाव आयोग बताए कि क्या कार्यवाही हुई। गड़बड़ी में शामिल तमाम जिला अधिकारियों को निलंबित किया जाए।

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अखिलेश यादव ने जारी बयान में कहा कि चुनाव संबंधी मसलों पर समयबद्ध कार्यवाही होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग पर पहली बार उंगली नहीं उठ रही है। कई बार उंगली उठ चुकी है। उत्तर प्रदेश के विधानसभा उपचुनाव में भी सरकार ने अधिकारियों के सहारे वोट की लूट की थी।
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अखिलेश यादव ने कहा कि कर्नाटक में कांग्रेस की सरकार है। उम्मीद है कांग्रेस पार्टी उन तमाम अधिकारियों के खिलाफ जो वोट चोरी में शामिल रहे है, कार्रवाई करेगी। कर्नाटक में वोट चोरी और मतदान में गड़बड़ी के जो आरोप लगे है, उनकी जांच होनी चाहिए। अखिलेश यादव ने कहा कि बिहार में जनता भाजपा के खिलाफ वोट न डाल सके, इसलिए भाजपा जनता से वोट देने का अधिकार छीनना चाहती है।
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राहुल और अखिलेश राजतंत्र के प्रतीक : केशव
उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि सत्ता के लंबे वियोग ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव की छटपटाहट बढ़ा दी है। यह छटपटाहट 2047 तक ऐसे ही बरकरार रहने वाली है। दोनों नेताओं में जनता का कोई भरोसा नहीं है, क्योंकि दोनों राजतंत्र के प्रतीक हैं। वे जनता जनार्दन का मानमर्दन कर लंबे समय तक सत्ता को भोगते रहे हैं। जब जनता ने इनकी राजशाही का चोला उतारकर लोकतंत्र के प्रतीक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी में भरोसा जताया तो इन्होंने लोकतंत्र के विरुद्ध ही मोर्चा खोल दिया है।

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