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यूपी : अपात्र मिले 91 लाख राशन कार्ड निरस्त, चार वर्षों की जांच के बाद खाद्य एवं रसद विभाग ने लिया फैसला
Fri, 27 Aug 2021 09:10 AM IST
पंकज श्रीवास्तव
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Fri, 27 Aug 2021 09:10 AM IST
सार
अपर खाद्य आयुक्त अनिल कुमार दुबे ने बताया कि 89 लाख 27 हजार 927 पात्र गृहस्थी के राशन कार्ड निरस्त किए गए हैं। वहीं, अंत्योदय के एक लाख 70 हजार 209 राशनकार्ड निरस्त किए गए हैं।
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राशन कार्ड
- फोटो : file photo
विस्तार
यूपी खाद्य एवं रसद विभाग ने अपात्र मिले करीब 91 लाख लोगों के राशन कार्ड निरस्त कर दिए हैं। विभाग ने चार वर्षों की जांच के दौरान यह निर्णय लिया। हालांकि, इस अवधि में एक करोड़ 20 लाख 43 हजार 136 नए राशनकार्ड भी बनाए गए हैं।
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अपर खाद्य आयुक्त अनिल कुमार दुबे ने बताया कि 89 लाख 27 हजार 927 पात्र गृहस्थी के राशन कार्ड निरस्त किए गए हैं। वहीं, अंत्योदय के एक लाख 70 हजार 209 राशनकार्ड निरस्त किए गए हैं। खाद्य एवं रसद विभाग प्रति वर्ष डाटा क्लीनिंग का काम करता है।
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इसके तहत राशन कार्ड धारकों का सत्यापन और पात्रता की जांच की जाती है। जिनके पास चार पहिया वाहन, ट्रैक्टर, एसी, हार्वेस्टर, पांच केवीए का जनरेटर पांच एकड़ से अधिक सिंचित भूमि है, ऐसे राशन कार्ड धारक अपात्र की श्रेणी में माने जाते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में दो लाख और शहरी क्षेत्र में तीन लाख रुपये सालाना आय से अधिक वालों के राशन कार्ड पर इस दायरे में हैं। वर्तमान में 79,550 राशन की दुकानें हैं।
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