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Umesh Pal Hatyakand : उमेश पाल हत्याकांड में घायल गनर राघवेंद्र की लखनऊ में इलाज के दौरान मौत
Wed, 01 Mar 2023 08:25 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
माई सिटी रिपोर्टर, अमर उजाला, लखनऊ
माई सिटी रिपोर्टर, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Wed, 01 Mar 2023 08:25 PM IST
सार
प्रयागराज के शहर पश्चिमी के बसपा विधायक राजू पाल हत्याकांड के गवाह उमेश पाल की हत्या के दौरान बम और गोलियां लगने से घायल गनर राघवेंद्र को रविवार शाम प्रयागराज से लखनऊ पीजीआई रेफर कर दिया गया था।
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उमेश पाल की हत्या का सीसीटीवी फुटेज।
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
प्रयागराज में राजूपाल हत्याकांड के गवाह उमेश पाल की हत्या के दौरान घायल हुए उनके गनर राघवेंद्र की बुधवार को मौत हो गई। वह संजय गांधी स्नातकोत्तर आयुर्विज्ञान संस्थान के एपेक्स ट्रॉमा सेंटर में भर्ती थे। राघवेंद्र को शनिवार रात को एपेक्स ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया था। संस्थान के निदेशक प्रो. आरके धीमन ने बताया कि राघवेंद्र को गोली लगी थी और बारूद की वजह से उसके शरीर पर कई घाव थे। इसकी वजह से उसके शरीर में संक्रमण फैल चुका था। मरीज के इलाज के लिए विशिष्ट टीम लगाई गई थी। डॉक्टरों की टीम ने उसे आईसीयू में वेंटिलेटर पर रखा था। उनकी तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। बुधवार शाम पौने छह बजे के करीब उनकी मौत हो गई।
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ग्रीन कॉरीडोर बनाकर गनर को पहुंचाया गया था पीजीआई
प्रयागराज के शहर पश्चिमी के बसपा विधायक राजू पाल हत्याकांड के गवाह उमेश पाल की हत्या के दौरान बम और गोलियां लगने से घायल गनर राघवेंद्र को रविवार शाम प्रयागराज से लखनऊ पीजीआई रेफर कर दिया गया था। इस दौरान बनाए गए ग्रीन कॉरीडोर में 2 घंटे 24 मिनट में एंबुलेंस ने 186 किमी सफर तय किया था।
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लालगंज क्षेत्र के कोरिहर गांव का रहने वाला घायल सिपाही राघवेंद्र लालगंज क्षेत्र के कोरिहर गांव निवासी राघवेंद्र के पिता रामसुमेर सिंह पुलिस विभाग में सिपाही थे, जिनका बीमारी से देहांत हो गया था। राघवेंद्र को मृतक आश्रित के रूप में नौकरी मिली थी। परिवार में मां अरुणा, बहन अर्चना और भाई ज्ञानेंद्र हैं। पांच मई को राघवेंद्र की शादी भी तय थी। प्रयागराज में हुई घटना में अपराधियों ने राघवेंद्र पर बम से हमला करते हुए गोली मार दी थी, जिससे वह गंभीर रूप से जख्मी हुए थे।
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