आयकर छापेमारी में फंसे तीन आईएएस अफसरों पर गिरी गाज, हटाए गए
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आयकर विभाग की जांच इकाई ने हाल ही में जिन तीन आईएएस अफसरों के ठिकानों पर छापामारी की थी, उन्हें मौजूदा पदों से हटा दिया गया है। उधर, परिवहन विभाग ने मेरठ की आरटीओ को हटाने की तैयारी की है।
तीनों आईएएस अधिकारियों के 22 ठिकानों से मिले कैश, गहने, बेनामी निवेश एवं आय से अधिक संपत्ति की जांच रिपोर्ट बृहस्पतिवार को शासन को भेज दी गई।
आयकर महानिदेशक (जांच) की टीम ने 24 मई को लखनऊ में विशेष सचिव जेल सत्येंद्र कुमार सिंह के गोमतीनगर, गोमतीनगर विस्तार एवं नोएडा, निदेशक स्वास्थ्य हृदय शंकर तिवारी के विभूति खंड स्थित आवास, बागपत व ग्रेटर नोएडा के अपर मुख्य कार्यपालक विमल कुमार शर्मा के मैनपुरी, नोएडा और आरटीओ मेरठ ममता शर्मा के मेरठ स्थित आवास पर छापा मारा था।
25 मई तक चली कार्रवाई में हृदय शंकर तिवारी के घर से सर्वाधिक कैश जब्त किया गया था। आयकर विभाग के डिप्टी डायरेक्टर जयनाथ वर्मा के मुताबिक तीनों आईएएस अफसरों के घरों से छापेमारी के दौरान बेनामी संपत्ति, निवेश एवं गहने मिलने की जांच रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है।
सम्पत्ति के दस्तावेजों की होगी जांच
आयकर छापामारी में ये तीनों ही अफसर आय से अधिक संपत्ति के मामले में फंस गए हैं। उन्होंने बताया कि अब शासन को इनकी संपत्ति के दस्तावेजों की उच्चस्तरीय जांच कराने का फैसला करना है।
केंद्रीय लोक निर्माण विभाग को जांच के लिए पत्र
आयकर विभाग ने हृदय शंकर तिवारी व सत्येंद्र कुमार सिंह के लखनऊ के गोमतीनगर स्थित आलीशान बंगले एवं फार्म हाउस तथा विमल कुमार शर्मा की नोएडा स्थित कोठी एवं बेनामी संपत्ति की कीमत की जांच करने के लिए केंद्रीय लोक निर्माण विभाग को पत्र भेज दिया है।
जब्त हुआ कैश
नाम--कैश
हृदय शंकर तिवारी--1.21 करोड़
सत्येंद्र कुमार सिंह--37.50 लाख
आरटीओ कर्मी--20 लाख
बागपत का स्टेनो--15 लाख
कुल--1 करोड़ 93 लाख 50 हजार