हर साल सर्वाइकल कैंसर से हजारों महिलाओं की हो जाती है मौत, ये बुरी आदत हो सकती है जानलेवा
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यह बातें बुधवार को होटल लिवाना में वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. जयदीप मल्होत्रा ने कहीं। वे यहां पर फि क्की लेडीज ऑर्गनाइजेशन की ओर से कैंसर के बारे में जागरूकता कार्यक्रम में आई थीं।
उन्होंने बताया कि महिलाओं में कैंसर से होने वाली मौत का पहला कारण ब्रेस्ट कैंसर है। जबकि मौत का दूसरा कारण गर्भाशय, ग्रीवा या सर्वाइकल कैंसर है। जरा सी सावधानी व जागरूकता से काफी हद तक इस पर रोकथाम लग सकती है।
धीरे-धीरे विकसित होता है ये कैंसर
लखनऊ-कानपुर अध्यक्ष और चेयरपर्सन रेणुका टंडन ने कहा कि कैंसर दुनिया भर में मौत के प्रमुख कारणों में से एक है। उन्होंने कहा कि कैंसर का इलाज है अगर उसकी समय पर जानकारी मिल जाए।
कहा कि महिलाओं को उनके स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और सावधानी बरतने के उद्देश्य से इस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. निधि एस. टंडन ने की।
समय पर कराएं जांच
उन्होंने गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर के प्रति महिलाओं को जागरूक करते हुए कहा कि महिलाएं अमूमन अपने स्वास्थ्य को लेकर संजीदा नहीं रहती हैं। जब उन्हें बीमारी घेर लेती है तब उनको उसके दुष्परिणाम समझ में आते हैं।
डॉ. निधि टंडन ने बताया कि हर 53 भारतीय महिलाओं में से एक महिला गर्भाशय ग्रीवा के कैंसर से ग्रसित होती है। जरा सी सावधानी व जागरूकता से इस आंकड़ें को कम किया जा सकता है।