{"_id":"58bf88e04f1c1b5e3ddc43fb","slug":"terrorist-caught-in-kanpur-was-connected-to-isis","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"सोशल मीडिया के जरिये आईएस से जुड़े थे आतंकी, मिले कई सुबूत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सोशल मीडिया के जरिये आईएस से जुड़े थे आतंकी, मिले कई सुबूत
ब्यूरो/अमरउजाला, लखनऊ
Updated Wed, 08 Mar 2017 10:43 AM IST
विज्ञापन
आतंकियों के पास मिला सामान
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कानपुर में पकड़े गए इमरान और फैजल खां के पास से आईएसआईएस से जुड़े होने के कई सुबूत मिले हैं। एटीएस ने दो लैपटॉप बरामद किए हैं। इसमें बम बनाने के वीडियो के अलावा आईएसआईएस का लिट्रेचर बरामद हुआ है।
पुलिस का दावा है कि ये आतंकी लखनऊ के आसपास 27 मार्च के बाद बड़े धमाके के प्लान में थे। एडीजी लॉ एंड ऑर्डर दलजीत चौधरी ने बताया कि कई और स्थानों पर आतंकियों के छिपे होने की जानकारी मिली है।
एटीएस के साथ एसटीएफ की टीम को भी इस ऑपरेशन में लगा दिया गया है। अजहर नाम का संदिग्ध कानपुर में पुलिस की दबिश से पहले फरार हो गया, उसके लिए अलर्ट जारी किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पुलिस का दावा है कि ये आतंकी लखनऊ के आसपास 27 मार्च के बाद बड़े धमाके के प्लान में थे। एडीजी लॉ एंड ऑर्डर दलजीत चौधरी ने बताया कि कई और स्थानों पर आतंकियों के छिपे होने की जानकारी मिली है।
विज्ञापन
एटीएस के साथ एसटीएफ की टीम को भी इस ऑपरेशन में लगा दिया गया है। अजहर नाम का संदिग्ध कानपुर में पुलिस की दबिश से पहले फरार हो गया, उसके लिए अलर्ट जारी किया गया है।
विज्ञापन
सोशल मीडिया के जरिये जुड़े आईएस से
डेमो पिक
- फोटो : Astute Media
दलजीत चौधरी ने बताया कि ये संदिग्ध सोशल मीडिया के जरिये आईएस आतंकियों से जुड़े। इनके पास से मिले लैपटॉप की जांच की जा रही है।
इसमें कुछ अन्य साथियों की तस्वीर भी मिली है। एडीजी ने बताया कि पकड़े गए संदिग्धों का सीरिया या इराक के किसी आतंकी से संबंध की बात से इन्कार नहीं किया जा सकता।
एनआईए समेत केंद्र सरकार की एजेंसियों को सूचना दे दी गई है। आतंकियों के खिलाफ ऑपरेशन जारी है।
सूत्रों की मानें तो इटावा के रहने वाले राखी रानावत और फकरे उर्फ रिशू ने ही संदिग्धों को असलहे उपलब्ध कराए थे। सूत्रों का यह भी दावा है कि लखनऊ में छिपा संदिग्ध सैफुल्ला ही मास्टर माइंड था। इसकेपास 9 एमएम के दो पिस्टल होने की बात कही जा रही है।
इसमें कुछ अन्य साथियों की तस्वीर भी मिली है। एडीजी ने बताया कि पकड़े गए संदिग्धों का सीरिया या इराक के किसी आतंकी से संबंध की बात से इन्कार नहीं किया जा सकता।
एनआईए समेत केंद्र सरकार की एजेंसियों को सूचना दे दी गई है। आतंकियों के खिलाफ ऑपरेशन जारी है।
सूत्रों की मानें तो इटावा के रहने वाले राखी रानावत और फकरे उर्फ रिशू ने ही संदिग्धों को असलहे उपलब्ध कराए थे। सूत्रों का यह भी दावा है कि लखनऊ में छिपा संदिग्ध सैफुल्ला ही मास्टर माइंड था। इसकेपास 9 एमएम के दो पिस्टल होने की बात कही जा रही है।
सूबे में हाई अलर्ट, जगह-जगह सघन चेकिंग
डेमो पिक
- फोटो : अमर उजाला
संदिग्ध आंतकियों के पकड़े जाने पर पूरे प्रदेश में हाई अलर्ट कर दिया गया है। डीजीपी जावीद अहमद के निर्देश पर अपर पुलिस महानिदेशक कानून व्यवस्था दलजीत सिंह चौधरी ने सूबे के सभी जिलों के अफसरों को अलर्ट करते हुए सघन चेकिंग अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं।
चौधरी ने सभी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, पुलिस अधीक्षक, डीआईजी रेंज व आईजी जोन को अपने-अपने क्षेत्रों में पड़ने वाले होटल, सराय, रेलवे स्टेशन, बस स्टेशन व ढाबा सहित अन्य सार्वजनिक व भीड़-भाड़ वाले स्थानों की सघन चेकिंग करने के निर्देश दिए हैं। यह भी कहा है कि अनावश्यक अफवाहों पर अंकुश लगाते हुए प्रत्येक दशा में शांति व्यवस्था बनाए रखी जाए।
चौधरी ने सभी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, पुलिस अधीक्षक, डीआईजी रेंज व आईजी जोन को अपने-अपने क्षेत्रों में पड़ने वाले होटल, सराय, रेलवे स्टेशन, बस स्टेशन व ढाबा सहित अन्य सार्वजनिक व भीड़-भाड़ वाले स्थानों की सघन चेकिंग करने के निर्देश दिए हैं। यह भी कहा है कि अनावश्यक अफवाहों पर अंकुश लगाते हुए प्रत्येक दशा में शांति व्यवस्था बनाए रखी जाए।