आतंकी की मां ने की अपील, सरकार गोली मारकर लाश जानवरों के सामने डाल दे
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असम के युवक कमरुज्जमा ने अप्रैल 2018 में एके 47 के साथ अपनी तस्वीर सोशल मीडिया पर साझा की और खुद के हिजबुल मुजाहिदीन में शामिल होने का एलान किया। यह खबर जब उसकी मां को लगी तो मां ने आहत होकर कहा कि सरकार को उसे गोली मार देनी चाहिए और उस देशद्रोही की लाश को जानवरों के सामने डाल देना चाहिए। आईजी एटीएस असीम अरुण ने मीडिया की खबरों के हवाले से यह जानकारी दी।
असीम अरुण ने कई खबरों की क्लिपिंग साझा करते हुए बताया कि सोशल मीडिया पर तस्वीर वायरल होने केबाद कश्मीर के साथ साथ देश के अन्य राज्यों को कमरुज्जमा को लेकर अलर्ट भेजा गया था। तस्वीर की पहचान कमरुज्जमा की मां शाहिरा खातून ने की थी।
शाहिरा ने कहा था कि ‘हां वह मेरा बेटा कमर है। अगर वह आतंकी संगठन में शामिल हो गया है तो सरकार को उसे मार देना चाहिए। वह देश का दुश्मन है। उसकी लाश जानवरों के सामने डाल देनी चाहिए। मुझे ऐसा बेटा नहीं चाहिए। ऐसा शख्स जिंदा नहीं रहना चाहिए।
कमरुज्जमा के भाई मुफिदुल ने कहा कि वह अपनी पत्नी और बेटे को घर में छोड़कर गया था। अब मैं उसे अपना भाई नहीं मानता। वह गद्दार है उसे मार देना चाहिए। हम उसकी लाश को भी घर में लाने की इजाजत नहीं देंगे।
कानपुर में टावर इंजीनियर बनकर रह रहा था संदिग्ध
सूत्रों की मानें तो कमरुज्जमा ने कानपुर के शिवपुर में खुद को टावर इंजीनियर बताकर दो महीने पहले मकान लिया था। मकान मालिक ने आईडी मांगी तो कमरुज्जमा ने लखनऊ से आईडी लाकर देने की बात कही। कहा जा रहा है कि उसने एक माह का किराया भी दिया लेकिन दूसरे महीने का किराया भी अब तक नहीं दिया था।
सूत्रों ने बताया कि चार साल विदेश में रह कर लौटने के बाद कमरुज्जमा कश्मीर चला गया और वहां कपड़े का कारोबार करने लगा। 2016 में वह ओसामा के संपर्क में आया और फिर किश्तवाड़ की पहाड़ी पर नौ महीने तक ट्रेनिंग की। सुरक्षा एजेंसियों के रडार पर कमरुज्जमा सोशल मीडिया पर फोटो अपलोड करने के बाद आया।
सात दिन की मिली रिमांड
संदिग्ध आतंकी कमरुज्जमा को देर शाम सात बजे विशेष सीजेएम एटीएस हिमांशु दयाल श्रीवास्तव की कोर्ट में पेश किया गया जहां से उसे 27 सितंबर तक न्यायिक अभिरक्षा में भेजने का आदेश हुआ। बाद में एटीएस की ओर से न्यायालय से 10 दिन की रिमांड मांगी गई। न्यायालय ने शुक्रवार सुबह 10 बजे से कमरुज्जमा को एटीएस की अभिरक्षा में सुपुर्द करने का निर्देश दिया।