{"_id":"5ea65d528ebc3e906c6ee722","slug":"ten-lakh-migrant-workers-expected-to-return-home-soon","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"10 लाख प्रवासी श्रमिकों के जल्द घर लौटने की संभावना, तैयारी में जुटी सरकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
10 लाख प्रवासी श्रमिकों के जल्द घर लौटने की संभावना, तैयारी में जुटी सरकार
Mon, 27 Apr 2020 09:49 AM IST
शाहरुख खान
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
Published by: शाहरुख खान
Updated Mon, 27 Apr 2020 09:49 AM IST
विज्ञापन
फाइल फोटो
- फोटो : PTI
प्रदेश सरकार ने दूसरे प्रदेशों में लॉकडाउन की वजह से फंसे यूपी के 10 लाख प्रवासी श्रमिकों को वापस लाने की तैयारियां शुरू कर दी हैं। संक्रमण रोकने के लिए घर भेजने से पहले उनके गृह जिले में ही 14 दिन क्वारंटीन किया जाएगा।
अपर मुख्य सचिव राजस्व रेणुका कुमार ने इसे ध्यान में रखते हुए प्रत्येक जिले में अतिरिक्त क्वारंटाइन केंद्र, अस्थायी आश्रय स्थल, कम्युनिटी किचन और कंट्रोल रूम बनाने के लिए अलग-अलग नोडल अधिकारी नामित करने के निर्देश दिए हैं।
सहयोग के लिए प्रति विकास खंड एक मध्यवर्गीय अधिकारी को सहायक नोडल अधिकारी बनाया जाएगा। प्रत्येक जिले में कम से कम 15 हजार प्रवासी श्रमिकों को क्वारंटाइन करने की व्यवस्था है। पूर्वी यूपी में यह संख्या अधिक होने का अनुमान है।
विज्ञापन
विज्ञापन
अपर मुख्य सचिव राजस्व रेणुका कुमार ने इसे ध्यान में रखते हुए प्रत्येक जिले में अतिरिक्त क्वारंटाइन केंद्र, अस्थायी आश्रय स्थल, कम्युनिटी किचन और कंट्रोल रूम बनाने के लिए अलग-अलग नोडल अधिकारी नामित करने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
सहयोग के लिए प्रति विकास खंड एक मध्यवर्गीय अधिकारी को सहायक नोडल अधिकारी बनाया जाएगा। प्रत्येक जिले में कम से कम 15 हजार प्रवासी श्रमिकों को क्वारंटाइन करने की व्यवस्था है। पूर्वी यूपी में यह संख्या अधिक होने का अनुमान है।
विज्ञापन
Trending Videos
उन्होंने बताया कि श्रमिकों का क्वारंटीन केंद्र पर ही श्रम विभाग की ओर से पंजीकरण कराया जाएगा। इनके खाते में 1000-1000 रुपये भेजे जाएंगे और घर जाते वक्त 15 दिन का राशन भी दिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि क्वारंटीन केंद्र, आश्रय स्थल व कम्युनिटी किचन के लिए आवश्यकतानुसार बंद सरकारी व प्राइवेट शिक्षण संस्थान, मैरिज हॉल, धर्मशाला का अधिग्रण कराया जाए।
उन्होंने बताया कि क्वारंटीन केंद्र, आश्रय स्थल व कम्युनिटी किचन के लिए आवश्यकतानुसार बंद सरकारी व प्राइवेट शिक्षण संस्थान, मैरिज हॉल, धर्मशाला का अधिग्रण कराया जाए।