विवादों के बीच यूपी सरकार के कैलेंडर में ताजमहल को मिली जगह, योगी के रुख पर लगी मुहर
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यूपी सरकार ने वर्ष 2018 का कैलेंडर जारी करके दुनिया के सात अजूबों में शामिल ताजमहल को लेकर छिड़े विवाद पर अपना रुख साफ कर दिया है। इस कैलेंडर में टूरिस्ट स्थल के रूप में ताजमहल को प्रमुखता से जगह दी गई है। पीएम नरेन्द्र मोदी व सीएम योगी आदित्यनाथ का ताज के साथ आकर्षक फोटो भी छापा गया है। कैलेंडर में प्रदेश के 12 प्रमुख पर्यटन केंद्र शामिल किए गए हैं।
मोहब्बत का प्रतीक कहा जाने वाला ताजमहल देशी-विदेशी सैलानियों की पहली पसंद है। इसे लेकर पिछले कई दिनों से विवाद छिड़ा हुआ था। भाजपा के एक विधायक ने इसकी खिल्ली उड़ाई तो पीएम मोदी व सीएम योगी को सामने आकर नसीहत देनी पड़ी। सीएम ने कहा कि विरासत को सुरक्षित और संरक्षित रखने की जिम्मेदारी सरकार की है। साथ ही उन्होंने 26 अक्तूबर को आगरा में ताज का दीदार करने की घोषणा भी की।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में विरासत के संरक्षण की बात कही और इधर, राज्य सरकार ने मंगलवार को धनतेरस पर 2018 का कैलेंडर जारी किया। इस कै लेंडर ने ताज को लेकर सीएम के बयान पर मुहर लगा दी है। राज्य सरकार के 12 पेज के आकर्षक कैलेंडर में हर पेज पर पीएम व सीएम की फोटो के साथ एक धरोहर की आकर्षक तस्वीर है।
इन महीनों में ये हैं तस्वीरें
जनवरी 2018 की शुरुआत प्रयागराज त्रिवेणी संगम के फोटो से हुई है। फरवरी में अयोध्या में राम की पैड़ी और मार्च में मथुरा में बरसाने की होली का चित्र छापा गया है। अप्रैल माह की शुरुआत पीलीभीत में गुरुद्वारा श्री नानकमत्ता साहिब के चित्र और मई में ललितपुर के प्रसिद्ध देवगढ़ जैन मंदिर के फोटो से हुई है।
कैलेंडर में जून माह में वाराणसी के सारनाथ स्तूप का विहंगम दृश्य है। कैलेंडर में जुलाई के महीने के पेज पर ताजमहल का खूबसूरत चित्र है।
इसी तरह अगस्त में रानी झांसी का किला, सितंबर में मथुरा का श्रीकृष्ण जन्म स्थल, अक्तूबर में विंध्याचल धाम के त्रिकोण दर्शन, नवंबर माह में काशी विश्वनाथ मंदिर और दिसंबर के पेज पर गोरखपुर के गोरक्षनाथ मंदिर की तस्वीर है।