{"_id":"6877e740a751a88b4003234a","slug":"swatantra-dev-singh-calling-kanwar-yatra-a-superstition-is-proof-of-sp-s-anti-hindu-mentality-public-will-gi-2025-07-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्वतंत्र देव सिंह: कांवड़ यात्रा को अंधविश्वास बताना सपा की हिंदू विरोधी मानसिकता का प्रमाण, जनता देगी जवाब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्वतंत्र देव सिंह: कांवड़ यात्रा को अंधविश्वास बताना सपा की हिंदू विरोधी मानसिकता का प्रमाण, जनता देगी जवाब
Wed, 16 Jul 2025 11:24 PM IST
रोहित मिश्र
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: रोहित मिश्र
Updated Wed, 16 Jul 2025 11:24 PM IST
सार
Swatantra Dev Singh: कैबिनेट मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जैसे नेता आज विश्व मंच पर भारत की सनातन परंपरा के ध्वजवाहक बनकर खड़े हैं।
विज्ञापन
स्वतंत्र देव सिंह का सपा पर हमला।
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
कांवड़ यात्रा को लेकर समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता लालजी वर्मा के बयान पर कड़ा विरोध दर्ज करते हुए कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि यह बयान केवल कांवड़ियों का नहीं, बल्कि सनातन परंपरा और भारत की आध्यात्मिक विरासत का अपमान है। कांवड़ यात्रा को अंधविश्वास कहना और शिवभक्तों पर पुष्पवर्षा को गलत ठहराना सपा की उसी विकृत सोच का हिस्सा है, जो राम को काल्पनिक मानती है। सपा श्रीरामचरितमानस को जलाने वालों को संरक्षण देती है और हिंदू आस्था पर बार-बार आघात पहुंचाती है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा अंधविश्वास नहीं, सनातन की जीवंत परंपरा है। यह आस्था, सेवा, अनुशासन और संकल्प का उत्सव है। लाखों श्रद्धालु पूरी श्रद्धा से गंगाजल लाकर शिव का अभिषेक करते हैं। यह संस्कृति को जोड़ने वाली कड़ी है, जो गांव-गांव, नगर-नगर में सामाजिक समरसता और भक्ति का संदेश देती है।
विज्ञापन
कैबिनेट मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जैसे नेता आज विश्व मंच पर भारत की सनातन परंपरा के ध्वजवाहक बनकर खड़े हैं। मोदी जब काशी विश्वनाथ से लेकर राम मंदिर तक की भव्यता के माध्यम से भारत की गौरव गाथा रचते हैं और योगी जब स्वयं कांवड़ यात्रा की व्यवस्थाओं की समीक्षा करते हैं, तब यह केवल प्रशासनिक कार्य नहीं होता, यह सनातन के प्रति सम्मान और प्रतिबद्धता का प्रतीक होता है।
विज्ञापन
स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि कांवड़ियों पर पुष्पवर्षा श्रद्धा का उत्सव है, आतंकियों पर पुष्पवर्षा नहीं होती । अफसोस है कि सपा के नेताओं को यह फर्क समझ नहीं आता। जिनकी राजनीति तुष्टीकरण और वोटबैंक के इर्द-गिर्द घूमती हो, उन्हें सनातन की महानता से चिढ़ होना स्वाभाविक है। लेकिन उन्हें याद रखना चाहिए कि अब देश चुप नहीं बैठता, सनातन के अपमान पर सड़कों से संसद तक जवाब देता है।
स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि समाजवादी पार्टी को शर्म आनी चाहिए कि उसके नेता कांवड़ियों की आस्था का मजाक उड़ा रहे हैं। यह महज एक बयान नहीं, भारत की आध्यात्मिक आत्मा पर हमला है। सपा नेतृत्व इस बयान के लिए देश से सार्वजनिक माफी मांगे, वरना सनातन विरोध की यह विकृति जनता कभी माफ नहीं करेगी।