कोरोना काल में परीक्षा तिथि घोषित करने पर सड़कों पर उतरे छात्र, पुलिस से झड़प के बाद गिरफ्तार
लखनऊ विश्वविद्यालय की परीक्षा का विरोध अब सड़कों पर उतर आया है। समाजवादी छात्र सभा के बैनर तले सोमवार को भारी संख्या में छात्रों ने हजरतगंज स्थित गांधी प्रतिमा पर धरना-प्रदर्शन किया।
भारी संख्या में छात्रों को देखकर पुलिस ने उनसे धरना समाप्त करने के लिए कहा लेकिन छात्र भड़क गए और उनकी पुलिसकर्मियों से झड़प हो गई। आक्रोश बढ़ता देख पुलिस ने छात्रों को गिरफ्तार कर लिया और ईको गार्डेन लेकर चली गई।
दरअसल, लखनऊ विश्वविद्यालय ने 7 जुलाई से परीक्षा कराने के लिये पाठ्यक्रमों की परीक्षा की तारीख घोषित कर दी है। इसे लेकर शिक्षकों के साथ ही छात्रों में भी काफी रोष है।
इस पर समाजवादी छात्र सभा के प्रदेश अध्यक्ष दिग्विजय सिंह देव ने आंदोलन की घोषणा की थी। छात्रों का कहना है कि एक ऐसे वक्त में जब हर रोज करीब 13 हजार लोग कोरोना संक्रमित पाए जा रहे हैं तब अलग-अलग पाठ्यक्रमों की परीक्षा तिथि घोषित करना ठीक नहीं है क्योंकि परीक्षा देने के लिए अलग-अलग जिलों में रहने वाले छात्रों को भी विद्यालय आना पड़ेगा जिससे उनके स्वास्थ्य को भी खतरा है।
स्वास्थ्य की परवाह किये बिना परीक्षा के लिए किया जा रहा मजबूर
छात्रों के स्वास्थ्य की परवाह किये बिना ही उन्हें परीक्षा के लिए मजबूर किया जा रहा है। इसी तरह छात्र फीस माफी और किराये पर रहने वाले छात्रों का किराया माफ करने के लिए भी बराबर आवाज उठा रहे हैं।
इन्हीं मांगों को लेकर जब समाजवादी छात्र सभा और अन्य छात्र जब प्रदर्शन के लिए पहुंचे तो उन्हें हजरतगंज गांधी प्रतिमा पर पुलिस से झड़प के बाद गिरफ्तार कर लिया गया। छात्रों ने अपना आंदोलन जारी रखने की बात कही है।