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UP News: 15 साल तक पुलिस को चकमा देता रहा हत्यारा, अब STF ने अयोध्या से दबोचा; सुनाई गई थी उम्रकैद की सजा
Sun, 05 Jul 2026 08:43 AM IST
Bhupendra Singh
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: Bhupendra Singh
Updated Sun, 05 Jul 2026 08:43 AM IST
सार
गुजरात में सुरक्षा गार्ड की हत्या और डकैती के मामले में 15 साल से फरार हत्यारा घनश्याम उर्फ बाबा अयोध्या में छिपा था। एसटीएफ ने इसे पकड़ लिया है। यह मूल रूप से गोंडा का रहने वाला है। आगे पढ़ें पूरी खबर...
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घनश्याम वर्मा उर्फ करण उर्फ बाबा गिरफ्तार।
- फोटो : विभाग।
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विस्तार
गुजरात में सुरक्षा कर्मी की हत्या और डकैती के मामले में उम्रकैद की सजा पाने के बाद 15 वर्षों से फरार चल रहे घनश्याम वर्मा उर्फ करण उर्फ बाबा को यूपी एसटीएफ ने अयोध्या से गिरफ्तार कर लिया। वह वर्ष 2011 में इलाज के दौरान वडोदरा के अस्पताल से पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया था। गुजरात पुलिस के इनपुट पर एसटीएफ उसकी तलाश में जुटी थी।
एसटीएफ के मुताबिक, गिरफ्तार घनश्याम मूल रूप से गोंडा का रहने वाला है। 16 फरवरी 2008 को गुजरात के भरूच स्थित गुजरात नर्मदा वैली फर्टिलाइजर कंपनी में सुरक्षा गार्ड की हत्या कर डकैती की वारदात हुई थी। इस मामले में अदालत ने एक सितंबर 2009 को उसे उम्रकैद की सजा सुनाई थी। बाद में इलाज के लिए वडोदरा के एसएसजी अस्पताल ले जाने के दौरान दो जनवरी 2011 को वह पुलिसकर्मी को धक्का देकर फरार हो गया था।
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एसटीएफ के मुताबिक, गिरफ्तार घनश्याम मूल रूप से गोंडा का रहने वाला है। 16 फरवरी 2008 को गुजरात के भरूच स्थित गुजरात नर्मदा वैली फर्टिलाइजर कंपनी में सुरक्षा गार्ड की हत्या कर डकैती की वारदात हुई थी। इस मामले में अदालत ने एक सितंबर 2009 को उसे उम्रकैद की सजा सुनाई थी। बाद में इलाज के लिए वडोदरा के एसएसजी अस्पताल ले जाने के दौरान दो जनवरी 2011 को वह पुलिसकर्मी को धक्का देकर फरार हो गया था।
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व्हील बैलेंसिंग का काम कर रहा था
पूछताछ में उसने बताया कि फरारी के दौरान वह पहले अमृतसर में मोटर मैकेनिक का काम करता रहा। कोरोना काल में अपने गांव लौट आया और दो-तीन वर्ष पहले अयोध्या पहुंचकर कैंट क्षेत्र स्थित एक टायर एजेंसी में व्हील बैलेंसिंग का काम करने लगा।
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