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उद्योगों की सुरक्षा के लिए बना रहे हैं यूपी स्टेट इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स : राजनाथ सिंह

Thu, 22 Feb 2018 11:19 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Updated Thu, 22 Feb 2018 11:19 AM IST
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state industrial security force to be made for safety of industries in UP.
केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ - फोटो : amar ujala

केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि फिजिकल सिक्योरिटी के साथ डिजिटल सिक्योरिटी के लिए भी सरकार काम कर रही है। प्रदेश में निवेश के लिए माहौल बन चुका है। इस तरह के आयोजन माहौल बदलने की तस्दीक कर रहे हैं। राजनाथ इन्वेस्टर्स समिट में ‘इंडस्ट्रियल एंड इन्फ्रास्ट्रक्चर सिक्योरिटी’ विषयक सत्र को संबोधित कर रहे थे।

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राजनाथ ने कहा, एक समय यूपी की गिनती भारत के फ्रंटलाइन स्टेट में होती थी लेकिन कुछ कारणों से उसने यह पोजिशन गंवा दी, लेकिन उत्तर प्रदेश में संभावनाएं साफ दिख रही हैं। प्रधानमंत्री कहते हैं कि देश के विकास का हाईवे उत्तर प्रदेश से होकर गुजरेगा।
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गृहमंत्री ने कहा कि निवेशकों को बेहतर माहौल देने के लिए दो तरह की सुरक्षा की जरूरत है। पहला, कानून-व्यवस्था और दूसरा इंडस्ट्रियल व इन्फ्रास्ट्रक्चर की सुरक्षा। यूपी में कानून-व्यवस्था के क्षेत्र में काफी बदलाव आया है। निवेशकों की समस्याओं को समझने वाले अधिकारी यहां बैठे हैं। प्रदेश के मुख्य सचिव राजीव कुमार को केंद्र में औद्योगिक विकास का लंबा अनुभव है। डीजीपी ओम प्रकाश सिंह को सीआईएसएफ का अच्छा अनुभव है। इंडस्ट्रियल सुरक्षा के लिए उत्तर प्रदेश स्टेट इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स का गठन कर रहा है।
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प्रदेश में डिफेंस प्रोडक्शन यूनिट्स लगाने के रास्ते खुले
राजनाथ ने कहा कि गृह मंत्रालय ने मेक इन इंडिया को बढ़ावा देने के लिए आर्म्स रूल्स में परिवर्तन किए हैं ताकि भारत में भी शस्त्र व गोला-बारूद की मैन्युफैक्चरिंग यूनिट लगाई जा सकें। इस नीति से हर प्रदेश में डिफेंस प्रोडक्शन यूनिट्स लगाने का रास्ता खुल गया है।

साइबर सिक्योरिटी प्लान बनाए जाने की जरूरत

state industrial security force to be made for safety of industries in UP.

राजनाथ ने कहा कि साइबर क्राइम का कोई घटना स्थल नहीं होता। सात समंदर पार बैठकर भी इसे अंजाम दिया जा सकता है। साइबर क्राइम के जरिए बड़ी-बड़ी कंपनियों के डाटा चुराने और उसमें हेरफेर करने की कोशिश होती है। 2015 में यूक्रेन की पावर ग्रिड पर साइबर हमला कर कई घंटे तक पूरे देश को अंधेरे में डाल दिया गया था।

2007 में एक अन्य देश में भी साइबर हमला कर सरकारी वेबसाइटों को हैक कर लिया गया था। हमारे सामने साइबर क्राइम से निपटने की चुनौती है। केंद्र सरकार ने कुछ नए तरीके अपनाए हैं। अलग-अलग राज्यों में एडीजी स्तर के अधिकारी को इसका प्रभारी बनाया जा रहा है। क्रिटिकल इन्फ्रास्ट्रक्चर सिक्योरिटी की दृष्टि से नेशनल क्रिटिकल इन्फॉर्मेशन इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोटेक्शन सेंटर का गठन किया गया है।

योगी और पुलिस की जमकर की तारीफ
राजनाथ ने इन्वेस्टर्स समिट के सफल आयोजन के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा, मैं मुख्यमंत्री रह चुका हूं, इसलिए जानता हूं कि समय की क्या अहमियत होती है। गृहमंत्री ने कहा कि प्रदेश में अपराध में कमी आई है और लॉ एंड ऑर्डर में सुधार हुआ है। इसके लिए योगी आदित्यनाथ बधाई के पात्र हैं। उन्होंने यूपी 100 की तारीफ करते हुए कहा कि इससे निवेशकों में सुरक्षा का भाव पैदा होगा।

प्रदेश के बारे में धारणाएं बदलीं : योगी
अंत में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सभी का शुक्रिया अदा करते हुए कहा कि प्रदेश को लेकर जो धारणाएं थीं, उनमें बदलाव आया है। निवेशकों की समस्याओं के निराकरण के लिए हम हर समय तैयार हैं। निवेशकों के लिए यूपी अब सुरक्षित स्थान बन चुका है। इस मौके पर प्रदेश के गन्ना विकास मंत्री सुरेश राणा, प्रमुख सचिव गृह अरविंद कुमार, डीजीपी ओम प्रकाश सिंह, एडीजी कानून-व्यवस्था आनंद कुमार और एडीजी लखनऊ जोन राजीव कृष्ण मौजूद थे।

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