वृद्धावस्था पेंशन और शादी अनुदान रोकने वाले समाज कल्याण अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस
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वृद्धावस्था पेंशन योजना में बुजुर्गों के पेंशन आवेदनों का लंबे समय तक निस्तारण नहीं करने पर दस जिलों के समाज कल्याण अधिकारियों को चेतावनी दी गई है। वहीं अनुसूचित जाति के निर्धन परिवारों की बेटियों की शादी के अनुदान में लेटलतीफी पर दस जिलों के समाज कल्याण अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
बृहस्पतिवार को समाज कल्याण मंत्री रमापति शास्त्री ने गोमतीनगर स्थित सिडको में हुई विभागीय बैठक में 9 फरवरी को सभी जिलों में 150-150 जोड़ों का सामूहिक विवाह समारोह आयोजित करने के निर्देश दिए।
बैठक में समाज कल्याण मंत्री रमापति शास्त्री ने राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना, सामान्य वर्ग के निर्धन परिवारों की बेटियों की शादी अनुदान योजना, अत्याचार से पीड़ित एससी परिवारों को आर्थिक सहायता, राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालयों का संचालन, परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केंद्रों के संचालन, राजकीय अनुसूचित जाति छात्रावास सहित अन्य योजनाओं की समीक्षा की।
समाज कल्याण राज्यमंत्री गुलाब देवी ने कहा कि विभाग की योजनाओं का गांव-गांव तक प्रचार-प्रसार होना चाहिए। बैठक में समाज कल्याण आयुक्त चंद्र प्रकाश, प्रमुख सचिव मनोज सिंह, निदेशक जगदीश प्रसाद, प्रबंध निदेशक सिडको विवेक वार्ष्णेय मौजूद थे।
इन जिलों के अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस
अनुसूचित जाति के निर्धन परिवारों की बेटियों को विवाह अनुदान योजना की समीक्षा के दौरान ललितपुर, गौतमबुद्धनगर, रामपुर, आगरा, अमेठी, बलरामपुर, गाजियाबाद, श्रावस्ती, हापुड़ और बहराइच जिलों में बड़ी संख्या में आवेदन लंबित मिले। मंत्री रमापति शास्त्री ने इन जिलों के समाज कल्याण अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि एससी के निर्धन परिवारों की बेटियों की शादी में 20 हजार रुपये का अनुदान दिया जाता है। 2018-19 में अभी तक 25017 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया है।
इन जिलों के अधिकारियों को मिली चेतावनी
वृद्धावस्था और किसान पेंशन योजना की समीक्षा में बलिया, महराजगंज, संतकबीरदास नगर, आजमगढ़, जौनपुर, अयोध्या, सुल्तानपुर, खीरी, आगरा और फर्रुखाबाद में सर्वाधिक आवेदन लंबित पाए गए। मंत्री ने इन जिलों के समाज कल्याण अधिकारियों को चेतावनी जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि 60 वर्ष की आयु से अधिक सभी पात्र बुजुर्गों को वृद्धावस्था पेंशन दी जाएगी। प्रदेश में 37 लाख 37 हजार 415 पेंशनर्स को लाभान्वित किया जा रहा है।