'राहुल के दस साल के काम का हिसाब दें प्रियंका'
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अमेठी से भाजपा प्रत्याशी स्मृति ईरानी हमलावर होते हुए कहा कि राहुल पिछले दस साल से न तो अमेठी में थे और न ही संसद में नजर आए। इतने समय वह कहां थे? प्रियंका इसका जवाब दें।
स्मृति ने प्रियंका को सलाह दी कि उन्हें अपने भाई राहुल गांधी के कार्यों पर ध्यान देना चाहिए। राहुल गांधी ने दस साल में भी अमेठी में उतना कार्य नहीं किया जितना मैने तीन साल में गुजरात में किया है।
मैने जो कार्य करवाए हैं उसके फोटो समेत मेरे पास प्रमाण है। मैं तो संसद में दस साल रही। बहुत सारे सवाल पूछे। राहुल गांधी दस साल में महज दो बार संसद में बोले।
प्रियंका को यह बात साफ करनी चाहिए कि राहुल गांधी 10 साल कहां रहे?
सोनिया पर उठाए सवाल
स्मृति ने कहा सोनिया गांधी ने बेल्लारी से न केवल चुनाव लड़ा था बल्कि जीती भी थीं। प्रियंका वाड्रा बताएं कि उसके बाद उनकी मम्मी सोनिया गांधी बेल्लारी कितनी बार गईं।
गौरतलब है कि स्मृति, प्रियंका के उन आरोपों का जवाब दे रही थीं, जिसमें प्रियंका ने राहुल के कारण स्मृति और कुमार विश्वास से अमेठी में चुनाव लड़ने के आरोप लगाए थे।
प्रियंका ने कहा था कि एक महिला प्रत्याशी चांदनी चौक से चुनाव हारने के बाद वापस कभी अपने क्षेत्र नहीं गईं और अब राहुल के कारण यहां हैं।
जिस पर स्मृति ने प्रियंका की मां सोनिया पर सवाल उठाए।
ये था पूरा बयान
सिर्फ राहुल को हराने का मंसूबा लेकर अमेठी चले आए। स्मृति ईरानी का नाम लिए बगैर प्रियंका ने कहा कि चांदनी चौक से चुनाव हारने के बाद वे कभी अपने क्षेत्र में नहीं गईं।
प्रियंका वाड्रा ने कहा कि ये प्रत्याशी सिर्फ राहुल की वजह से अमेठी चले आए हैं। इन्हें न तो अमेठी की समझ है और न ही यहां की जनता की।
अमेठी की जनता से अपने पारिवारिक रिश्ते का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि उन्हें वे दिन अच्छी तरह याद हैं जब वह अपने पिता राजीव गांधी के साथ यहां आती थीं। ‘मेरे पिता के लिए आपके मन में बहुत सम्मान था। उन्हें जितना प्यार हमने और राहुल गांधी ने दिया, उससे ज्यादा आपने दिया था’।