{"_id":"64378c1af3901df826047d75","slug":"rules-will-be-tough-to-run-hukka-bar-and-hotel-chain-2023-04-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP News: हुक्का बार और होटल चेन संचालन की बनेगी सख्त नियमावली, ड्राफ्ट तैयार कर मांगी विधिक राय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP News: हुक्का बार और होटल चेन संचालन की बनेगी सख्त नियमावली, ड्राफ्ट तैयार कर मांगी विधिक राय
Thu, 13 Apr 2023 10:29 AM IST
ishwar ashish
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Thu, 13 Apr 2023 10:29 AM IST
सार
हुक्का बार और होटल चेन संचालन के लिए सख्त नियमावली बनाने के लिए शासन ने ड्राफ्ट तैयार किया है। जल्द ही यूपी कैबिनेट में नियमावली को लागू करने का प्रस्ताव लाया जाएगा।
विज्ञापन
- फोटो : istock
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तर प्रदेश में हुक्का बार और विवादों में रहने वाले एक होटल चेन को नियमों के दायरे में लाने के लिए शासन ने कवायद शुरू कर दी है। उच्च पदस्थ सूत्रों की माने तो इसके लिए शासन ने नई नियमावली का ड्राफ्ट तैयार किया है। विधिक राय मिलने के बाद जल्द ही इसका प्रस्ताव कैबिनेट में पेश किया जाएगा।
विज्ञापन
बताते चलें कि देश भर में कोविड का प्रकोप बढ़ने के बाद सरकार ने हुक्का बार के संचालन पर प्रतिबंध लगा दिया था। इसके बाद, छुपकर इसे संचालित करने वालों पर पुलिस ने सख्त कार्रवाई की थी। यहां मादक पदार्थों के सेवन की भी शिकायतें मिलीं। इसी तरह प्रदेश में चर्चित होटल चेन को सख्त नियमों के दायरे में लाने की योजना है।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - शाहजहांपुर में तीन दिग्गज मंत्रियों की साख दांव पर, पहली बार हो रहा है नगर निगम में चुनाव
विज्ञापन
ये भी पढ़ें - बिजली का बिल देगा 'झटका': 100 यूनिट वाले उपभोक्ताओं की दर में 30% बढ़ोतरी का प्रस्ताव, अन्य श्रेणी का ये हाल
शिकायतों के अनुसार, वह लोकल आईडी पर कुछ घंटों के लिए होटल का कमरा मुहैया कराता है। इससे अनैतिक गतिविधियों के साथ अपराध की आशंका बनी रहती है। इससे नियमों के तहत काम करने वाले होटल कारोबारियों को नुकसान उठाना पड़ता है। इस होटल चेन के खिलाफ तमाम होटल कारोबारी और उनके संगठन शासन से गुहार भी लगा चुके हैं।