शिक्षक भर्ती के लिए होगी लिखित परीक्षा, ग्रेजुएशन में 50 प्रतिशत अंक होने जरूरी सहित ये हुए बदलाव
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बेसिक शिक्षा परिषद के सहायता प्राप्त जूनियर हाई स्कूलों में फर्जीवाड़ा रोकने के लिए अब शिक्षकों की भर्ती लिखित परीक्षा से होगी। राज्य शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) और लिखित भर्ती परीक्षा के उत्तीर्णांक के आधार पर मेरिट से चयन किया जाएगा।
भर्ती के लिए बीटीसी, बीएड की डिग्री के साथ स्नातक में न्यूनतम 50 प्रतिशत अंक अनिवार्य होगा। आयु सीमा न्यूनतम 21 जबकि अधिकतम 40 वर्ष होगी। अभी तक एडेड स्कूल अपने ही स्तर पर भर्तियां करते थे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई कैबिनेट की बैठक में यूपी मान्यता प्राप्त बेसिक स्कूल (जूनियर हाईस्कूल, अध्यापकों की भर्ती एवं सेवा शर्तें) नियमावली-1978 में संशोधन के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई।
भर्ती में धांधली रोकने के लिए नियमावली में किया गया संशोधन
प्रदेश सरकार के प्रवक्ता सिद्धार्थनाथ सिंह के अनुसार प्रदेश सरकार ने सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त स्कूलों में भर्ती में धांधली रोकने के लिए नियमावली में संशोधन किया है।
प्रदेश के करीब तीन हजार सहायता प्राप्त जूनियर हाई स्कूलों में शिक्षक भर्ती में फर्जीवाड़ा और विद्यालयों के संचालन में अनियमितता की लगातार शिकायतें मिल रही थी।
बेसिक शिक्षा विभाग के निदेशक करेंगे चयन
प्रवक्ता ने बताया कि एडेड जूनियर हाई स्कूलों में सहायक अध्यापक भर्ती के लिए प्रबंधक अब स्वीकृत रिक्त पदों की सूचना जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को देंगे। बीएसए इसे विभाग के निदेशक के सामने रखेंगे। निदेशक इसका परीक्षण करने के बाद चयन की कार्यवाही करेंगे।
गड़बड़ी पर रद्द की जाएगी स्कूलों की मान्यता
प्रदेश सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि मान्यता प्राप्त विद्यालयों में नियमों का उल्लंघन या गड़बड़ी पाई जाने पर उन्हें नोटिस देकर मान्यता निरस्त की जाएगी। उल्लेखनीय है कि पहले मान्यता निरस्त करने का प्रावधान नियमावली में नहीं था।