{"_id":"5f153c248ebc3e9f6d5807e3","slug":"recruitment-of-teachers-stuck-in-directorate-of-higher-education","type":"story","status":"publish","title_hn":"उच्च शिक्षा निदेशालय में अटकी शिक्षकों की भर्ती, 4500 से अधिक पद हैं खाली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उच्च शिक्षा निदेशालय में अटकी शिक्षकों की भर्ती, 4500 से अधिक पद हैं खाली
Mon, 20 Jul 2020 12:10 PM IST
ishwar ashish
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Mon, 20 Jul 2020 12:10 PM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
प्रदेश के सहायता प्राप्त महाविद्यालयों में शिक्षकों की भर्ती का प्रस्ताव उच्च शिक्षा निदेशालय में अटका हुआ है। सहायता प्राप्त महाविद्यालयों में शिक्षकों के 4500 से अधिक पद खाली हैं। प्रदेश में 331 सहायता प्राप्त महाविद्यालय संचालित हैं। इनमें 12 हजार 879 शिक्षकों के पद सृजित है। करीब 4500 से अधिक पद खाली हैं।
निदेशालय को महाविद्यालयों की ओर से करीब 3900 पदों पर भर्ती का प्रस्ताव भेजा गया है, लेकिन निदेशालय ने भर्ती के लिए आयोग को अधियाचन नहीं भेजा है। कुछ महीने पहले 550 पदों का अधियाचन भेजा गया था, उसे भी वापस मंगा लिया गया है। सूत्रों के मुताबिक भर्ती के लिए दो साल से नया अधियाचन उच्च शिक्षा सेवा चयन आयोग को नहीं भेजा गया है।
उधर, शिक्षकों की कमी के कारण महाविद्यालय मे शिक्षण कार्य प्रभावित हो रहा है। ऑनलाइन कक्षाओं के संचालन में भी दिक्कत आ रही है। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. वंदना शर्मा का कहना है कि महाविद्यालयों से मिले प्रस्ताव की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने वाली है। जल्द ही भर्ती का अधियाचन आयोग को भेज दिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
निदेशालय को महाविद्यालयों की ओर से करीब 3900 पदों पर भर्ती का प्रस्ताव भेजा गया है, लेकिन निदेशालय ने भर्ती के लिए आयोग को अधियाचन नहीं भेजा है। कुछ महीने पहले 550 पदों का अधियाचन भेजा गया था, उसे भी वापस मंगा लिया गया है। सूत्रों के मुताबिक भर्ती के लिए दो साल से नया अधियाचन उच्च शिक्षा सेवा चयन आयोग को नहीं भेजा गया है।
विज्ञापन
उधर, शिक्षकों की कमी के कारण महाविद्यालय मे शिक्षण कार्य प्रभावित हो रहा है। ऑनलाइन कक्षाओं के संचालन में भी दिक्कत आ रही है। उच्च शिक्षा निदेशक डॉ. वंदना शर्मा का कहना है कि महाविद्यालयों से मिले प्रस्ताव की जांच की जा रही है। जांच पूरी होने वाली है। जल्द ही भर्ती का अधियाचन आयोग को भेज दिया जाएगा।
विज्ञापन