रेप पीड़िता ने अपनी बेटी को 3 हजार रुपए में बेचा!
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उम्र पढ़ने-लिखने की थी। पर उस उम्र में उस पर पड़ोसी की बुरी नजर पड़ गई। वह गर्भवती हो गई। बेटी को जन्म दिया। समाज की परवाह किए बगैर उसने बेटी को पालने की ठानी।...पर गरीबी के आगे हार गई। महज तीन हजार रुपये में बेटी को बेचने को मजबूर होना पड़ा।
इंसानियत को शर्मसार करने वाला यह मामला है सीतापुर के खैराबाद कस्बे का। मामला सामने आया तो हड़कंप मच गया। आननफानन पुलिस व प्रशासनिक अफसर पहुंचे। किशोरी ने दो टूक कहा-क्या करती, कैसे पालती...।
पड़ोसी युवक ने शादी का झांसा देकर किशोरी से दुष्कर्म किया। पिछले साल 27 नवंबर को उसने बच्ची को जन्म दिया। परिवार वालों ने युवक पर शादी के लिए दबाव बनाया। लेकिन वह नहीं माना।
इस वजह से बेच दिया बेटी को
खैराबाद पुलिस ने पिछले 18 दिसंबर को आरोपी साबित के खिलाफ केस दर्ज किया और उसे 10 जनवरी को जेल भेज दिया गया। तमाम जिल्लतों के बावजूद वह अपनी मासूम बेटी को गले से लगाए रखी।
किशोरी और उसकी मां का कहना है कि उसका परिवार बेहद गरीब है। घर का खर्च चलना मुश्किल होता है। काफी कर्ज है। जिसकी वजह से बच्ची को बेच दिया।
जब मामला सामने आया तो पुलिस ने परिवार पर दबाव बनाया कि वे बेचने की बात से मुकर जाएं। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस ने इसके लिए उस परिवार को जेल भेजने की धमकी भी दी।
सदर की एसडीएम अर्चना द्विवेदी ने बताया कि पीड़िता ने तीन हजार रुपये में बच्ची को बेचने की बात कही है। उसके साथ पूर्व में क्या हुआ, यह मेरा विषय नहीं है, लेकिन वास्तव में किशोरी गरीब है। उसके पास घर के नाम पर सिर्फ झोपड़ी है।
उसे राशन दिला दिया गया है। बीपीएल कार्ड, सरकारी आवास जैसी सुविधाएं दी जाएंगी। समाजवादी पेंशन योजना का भी लाभ दिलाया जाएगा।