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Lucknow News: खुद को गृह विभाग में सचिव बताकर दो भाइयों से टेंडर के नाम पर ऐंठे 40 लाख रुपये

Sun, 07 Dec 2025 02:18 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ Updated Sun, 07 Dec 2025 02:18 AM IST
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Posing as a secretary in the Home Department, he extorted Rs 40 lakh from two brothers in the name of a tender
लखनऊ। खुद को गृह विभाग में सचिव बताकर जालसाज ने उत्तराखंड के देहरादून निवासी इतेश कुमार व उनके भाई से सरकारी टेंडर के नाम पर 40 लाख रुपये ठग लिए। डीसीपी पूर्वी शशांक सिंह के आदेश पर गोमतीनगर पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
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इतेश ने बताया कि वह छोटे भाई सौरभ के साथ गोमतीनगर के विनीत खंड में किराये पर रहते हैं। उसी मकान में बाराबंकी में नवाबगंज के रहने वाला सर्वेश कुमार सिंह परिवार के साथ रहता था। पड़ोसी होने के चलते उनकी सर्वेश से बातचीत होने लगी। उसने उन्हें खुद को सचिवालय में गृह विभाग में सचिव बताया था। वह हमेशा सरकारी वेशभूषा में रहता था।
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कारों में लगा रखा था उप्र सरकार का लोगो
इतेश के अनुसार सर्वेश के पास कई कारें थीं, जिनमें उप्र सरकार के लोगे लगे हुए थे। आरोप है कि 24 अगस्त 2024 को उसने पीड़ित और उनके भाई को सरकारी टेंडर दिलाने की बात कही थी। झांसे में आए इतेश के हामी भरने पर सर्वेश ने उनसे 40 लाख रुपये की मांग की। पीड़ित ने 2024 से मई 2025 तक कई टुकड़ों में रकम दी। फिर उसने फोन उठाना छोड़ दिया। परिवार के साथ घर भी खाली कर दिया। पीड़ित का आरोप है कि ठगी में सर्वेश का साथ उसकी पत्नी ने भी दिया है।
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रिटायर्ड जज से भी कर चुका है ठगी
पीड़ित के अनुसार रकम लेने के दौरान सर्वेश के साथ संदीप अवस्थी और अंकिता भी थी। संदीप खुद को सचिवालय में समीक्षा अधिकारी और अंकिता को अपना पीए बताया था। इतेश के जांच करने पर पता चला कि सर्वेश रिटायर्ड जज से भी ठगी कर चुका है। मामले में गोमतीनगर पुलिस उसे जेल भी भेज चुकी थी। आरोपी के पास से नकली नंबर प्लेट लगी कार भी मिली थी। वर्ष 2019 में जेल से छूटने पर उसने लोगों को सचिवालय में नौकरी दिलाने का झांसा देकर ठगी शुरू कर दी। एडिशनल इंस्पेक्टर विनोद के मुताबिक प्रारंभिक जांच में मामला सही पाए जाने पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। विवेचना में जो भी साक्ष्य मिलेंगे उस आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
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