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विवेक हत्याकांडः सीसीटीवी फुटेज पर भी पुलिस के हाथ खाली, दूसरी तरफ था कैमरे का एंगल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Updated Wed, 03 Oct 2018 02:41 PM IST
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बिल्डिंग में लगे दो कैमरों में एक था बंद बाकी की फुटेज में कुछ हाथ नहीं लगा
- फोटो : amar ujala
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विवेक हत्याकांड में सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के जरिये डिजिटल साक्ष्य जुटाने की कोशिश कर रही पुलिस को निराशा हाथ लगी है। मंगलवार दोपहर पुलिस घटनास्थल के पास स्थित उत्तर प्रदेश राज्य निर्माण सहकारी संघ की बिल्डिंग पहुंची, लेकिन वहां लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से कुछ भी हाथ नहीं लगा।
अब पुलिस आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों का ब्यौरा एकत्र कर रही है।दोपहर करीब 12 बजे हजरतगंज के क्षेत्राधिकारी अभय कुमार मिश्रा और साइबर सेल की टीम राज्य निर्माण सहकारी संघ की बिल्डिंग पहुंची। क्षेत्राधिकारी ने बताया कि बिल्डिंग में अलग-अलग स्थान पर 22 कैमरे लगे हैं।
दो गेटों पर दो-दो कैमरे हैं। घटनास्थल की तरफ वाले गेट पर लगे दो कैमरों में से एक बंद मिला। बाकी तीन कैमरों की फुटेज खंगाली गई, लेकिन उनका एंगल घटनास्थल की तरफ नहीं था। दरअसल, बिल्डिंग और घटनास्थल के बीच करीब 100 मीटर की दूरी है।
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जिस वक्त वारदात हुई, रात का सवा बजा था। अगर कैमरों का मुंह घटनास्थल की तरफ होता तो भी अंधेरे में इतनी दूर की स्पष्ट फुटेज मिलना मुश्किल था। क्षेत्राधिकारी ने बताया कि इलाके में लगे अन्य सीसीटीवी कैमरों का पता लगाकर उनकी फुटेज निकलवाई जाएगी।
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अब पुलिस आसपास के इलाकों में लगे सीसीटीवी कैमरों का ब्यौरा एकत्र कर रही है।दोपहर करीब 12 बजे हजरतगंज के क्षेत्राधिकारी अभय कुमार मिश्रा और साइबर सेल की टीम राज्य निर्माण सहकारी संघ की बिल्डिंग पहुंची। क्षेत्राधिकारी ने बताया कि बिल्डिंग में अलग-अलग स्थान पर 22 कैमरे लगे हैं।
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दो गेटों पर दो-दो कैमरे हैं। घटनास्थल की तरफ वाले गेट पर लगे दो कैमरों में से एक बंद मिला। बाकी तीन कैमरों की फुटेज खंगाली गई, लेकिन उनका एंगल घटनास्थल की तरफ नहीं था। दरअसल, बिल्डिंग और घटनास्थल के बीच करीब 100 मीटर की दूरी है।
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जिस वक्त वारदात हुई, रात का सवा बजा था। अगर कैमरों का मुंह घटनास्थल की तरफ होता तो भी अंधेरे में इतनी दूर की स्पष्ट फुटेज मिलना मुश्किल था। क्षेत्राधिकारी ने बताया कि इलाके में लगे अन्य सीसीटीवी कैमरों का पता लगाकर उनकी फुटेज निकलवाई जाएगी।
विवेचक ने दर्ज किए पूर्व सहकर्मी के बयान
सना
- फोटो : amar ujala
वहीं विवेक की हत्या के दोनों मुकदमों की विवेचना कर रहे महानगर कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक विकास कुमार पांडेय ने मंगलवार दोपहर उनकी पूर्व सहकर्मी और वारदात की एकमात्र प्रत्यक्षदर्शी के घर जाकर बयान दर्ज किए।
करीब दो घंटे तक उन्होंने वारदात के बारे में पूरी जानकारी ली। विवेचक ने बताया कि जल्द विवेक की पूर्व सहकर्मी को मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश कर बयान कराए जाएंगे. क्राइम सीन के रीक्रिएशन के लिए आने से पहले विवेक की पूर्व सहकर्मी का मेडिकल परीक्षण भी कराया गया।
करीब दो घंटे तक उन्होंने वारदात के बारे में पूरी जानकारी ली। विवेचक ने बताया कि जल्द विवेक की पूर्व सहकर्मी को मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश कर बयान कराए जाएंगे. क्राइम सीन के रीक्रिएशन के लिए आने से पहले विवेक की पूर्व सहकर्मी का मेडिकल परीक्षण भी कराया गया।