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पुलिस महकमे ने छह माह से नहीं भरा बिजली बिल, करोड़ों रुपये बकाया
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Updated Wed, 03 Oct 2018 12:10 PM IST
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नरही पुलिस चौकी में लगा एसी
- फोटो : amar ujala
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केस- एक
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डालीगंज इक्का स्टैंड उपकेंद्र इलाके स्थित हसनगंज थाने पर 3.59 लाख रुपये बिजली बिल बकाया है। थाने एवं कॉलोनी में अंधाधुंध बिजली जला रहे हैं, लेकिन बिल भरना तो दूर, सत्यापन को पहुंचे बिजली कर्मियों से दीवान से लेकर कोतवाल तक ठीक से बात भी नहीं करते। बिना सत्यापन के पेमेंट अधर में फंसा है।
केस- दो
राजभवन खंड के कैंट थानांतर्गत स्थित सदर पुलिस चौकी पर 82,897 रुपये का बिजली बिल बकाया है। जबकि चौकी में खाता नंबर 7667481000 से कनेक्शन है। इलाकाई इंजीनियर इस बिल का भुगतान कराने के लिए दो महीने से पुलिस विभाग के कार्यालय में भटक रहे हैं, पर कोई सुनने वाला नहीं है।
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ये तो महज उदाहरण मात्र है। राजधानी के 41 थाना-कोतवाली एवं 127 पुलिस चौकियों पर छह करोड़ रुपये से अधिक का बिजली बिल बकाया है। इसका भुगतान नहीं किया जा रहा है। इससे इलाकाई इंजीनियरों को उच्च अधिकारियों की खरीखोटी सुननी पड़ रही है।
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एक अफसर ने बताया कि अधिकतर पुलिस थानों एवं कॉलोनियों में मीटर नहीं लगे हैं। इसके कारण जाड़े में मनमाने तरीके से हीटर एवं गर्मी में पुलिस चौकी से लेकर कोतवाल के कक्ष तक एसी चालू हो जाते हैं। बिजली उपभोग के लोड की गणना करना भी जांच के बिना संभव नहीं।
एसएसपी को लिखा पत्र
डेमो
थानों एवं पुलिस चौकी में जो बिजली जलती है उसका बिल कोतवाल, थानाध्यक्ष एवं चौकी प्रभारी को सत्यापित करना होता है। इसके बाद ही भुगतान की फाइल एसएसपी तक पहुंचती है। लेकिन अधिकतर थानों एवं चौकी के बिल ही सत्यापित नहीं हो पाए हैं। इससे भुगतान अटका पड़ा है।
लेसा सिस गोमती के मुख्य अभियंता मधुकर वर्मा ने बताया कि पुलिस विभाग के द्वारा थाना एवं पुलिस चौकी का जल्दी-जल्दी बिल भुगतान न करने के कारण पावर कॉर्पोरेशन का राजस्व लक्ष्य पूरा नहीं हो पा रहा है। लेसा में जितनी बिजली की खपत होती है उसकी 10 फीसदी बिजली पुलिस विभाग के कार्यालय, थाना, चौकी में उपयोग होती है।
विश्वविद्यालय खंड के अधिशासी अभियंता एसबी सिंह ने एसएसपी को पत्र लिखकर अवगत कराया है कि उनके इलाके स्थित पुलिस लाइन एवं थाना-चौकी पर 2.15 करोड़ रुपये का बिल बकाया है। इनको 30 सितंबर तक नहीं चुकाया तो पुलिस लाइन सहित सभी थाना-चौकी की बिजली काटने की कार्रवाई की जाएगी।
लेसा सिस गोमती के मुख्य अभियंता मधुकर वर्मा ने बताया कि पुलिस विभाग के द्वारा थाना एवं पुलिस चौकी का जल्दी-जल्दी बिल भुगतान न करने के कारण पावर कॉर्पोरेशन का राजस्व लक्ष्य पूरा नहीं हो पा रहा है। लेसा में जितनी बिजली की खपत होती है उसकी 10 फीसदी बिजली पुलिस विभाग के कार्यालय, थाना, चौकी में उपयोग होती है।
विश्वविद्यालय खंड के अधिशासी अभियंता एसबी सिंह ने एसएसपी को पत्र लिखकर अवगत कराया है कि उनके इलाके स्थित पुलिस लाइन एवं थाना-चौकी पर 2.15 करोड़ रुपये का बिल बकाया है। इनको 30 सितंबर तक नहीं चुकाया तो पुलिस लाइन सहित सभी थाना-चौकी की बिजली काटने की कार्रवाई की जाएगी।
यहां देखें, किस पर कितना बिल बकाया
किस पर कितना बिल बकाया
जगह रुपये
अलीगंज थाना परिसर 48.10 लाख
पुलिस लाइन ट्यूबवेल 43.01 लाख
पुलिस लाइन 62.37 लाख
निशातगंज पुलिस चौकी 2.51 लाख
गोकरन नाथ चौकी 0.52 लाख
एसएसपी पुलिस मेस 3.27 लाख
जिला पुलिस के मुखिया ने मार्च 2018 में ट्रांस गोमती स्थित थाना एवं चौकी के बिजली बिलों को भरा था। छह महीने में करोड़ों रुपये की बिजली जला चुके हैं, लेकिन बिल नहीं भरा है। सभी अधिशासी अभियंताओं को थानों एवं पुलिस चौकी के कनेक्शन काटने के निर्देश दिए गए। - प्रदीप कक्कड़, मुख्य अभियंता लेसा (सिस गोमती)
जगह रुपये
अलीगंज थाना परिसर 48.10 लाख
पुलिस लाइन ट्यूबवेल 43.01 लाख
पुलिस लाइन 62.37 लाख
निशातगंज पुलिस चौकी 2.51 लाख
गोकरन नाथ चौकी 0.52 लाख
एसएसपी पुलिस मेस 3.27 लाख
जिला पुलिस के मुखिया ने मार्च 2018 में ट्रांस गोमती स्थित थाना एवं चौकी के बिजली बिलों को भरा था। छह महीने में करोड़ों रुपये की बिजली जला चुके हैं, लेकिन बिल नहीं भरा है। सभी अधिशासी अभियंताओं को थानों एवं पुलिस चौकी के कनेक्शन काटने के निर्देश दिए गए। - प्रदीप कक्कड़, मुख्य अभियंता लेसा (सिस गोमती)