यूपी: धूमधाम से मनाया हजरत मोहम्मद साहब का जन्मदिन, अखिलेश ने ईदगाह पहुंचकर दी बधाई
यूपी में प्रदेश के अलग-अलग जिलों में ईद-मीलादुन्नबी (बारावफात) का त्यौहार हर्षोल्लास से मनाया गया। इस मौके पर अखिलेश यादव लखनऊ स्थित ऐशबाग ईदगाह पहुंचे और बधाई दी।
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हजरत मोहम्मद साहब के जन्मदिन पर मंगलवार को प्रदेश के हर जिले में ईद-मीलादुन्नबी (बारावफात) का त्यौहार हर्षोल्लास से मनाया गया। लखनऊ समेत प्रदेश के अन्य जिलों के मुस्लिम बहुल इलाकों में बारावफात का जुलूस निकाला गया। मस्जिदों में लोगों ने अल्लाह की इबादत की।
इस मौके पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने ऐशबाग स्थित ईद गाह में मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली को ईद-ए-मिलाद-उन-नबी की मुबारकबाद दी। ईद-मीलादुन्नबी पर लोगों ने एक दूसरे को बधाइयां दीं। इस मुबारक मौके पर मस्जिदों में रौनक रही। लोगों ने अस्पताल में मरीजों को फल बांटे तथा गरीबों में वस्त्र व भोजन वितरण किया गया।
571 ईसवी को सऊदी अरब के शहर मक्का में पैगंबर साहब हजरत मोहम्मद का जन्म हुआ था। इन्हीं की याद में ईद मिलादुन्नबी का पर्व मनाया जाता है।
बहराइच: नहीं निकला जुलूस, घरों में फातेहा पढ़कर मनाया पर्व
बहराइच में हजरत मोहम्मद की यौम-ए-पैदाइश पर ईद मीलादुन्नबी (बारावफात) अकीदत के साथ मनाई गई। हालांकि, जुलूस नहीं निकाला गया फिर भी शहर और ग्रामीण अंचलों में खासा उत्साह दिखाई दिया।
बारावफात पर प्रत्येक वर्ष सीरत कमेटी की ओर से जुलूस निकाला जाता था। हालांकि, इस बार कोरोना महामारी को देखते हुए प्रशासन ने अनुमति नहीं दी। शहर और ग्रामीण क्षेत्रों में पर्व के मौके पर झालरों व मोमबत्तियों से घरों और धार्मिक स्थलों को रोशन किया गया। बच्चों में खासा उत्साह दिखाई दिया। सभी झुंड में नारे लगाते हुए घूमते देखे गए। उधर, ग्रामीण क्षेत्रों में भी झंडियां लगाई गईं। घरों में अकीदत के साथ फातेहा पढ़कर पर्व मनाया गया। नवाबगंज क्षेत्र में कोरोना गाइडलाइन के तहत पर्व मनाया गया। क्षेत्र के बख्शीगांव, मिर्जाफाटा, जमादार गांव, भटपुरवा आदि गांवों में भी पर्व मनाया गया। बख्शीगांव में नबी का रौजा बनाकर जियारत की गई।
अंबेडकरनगर: उल्लास से मना बारावफात पर्व, जगह जगह निकला जुलूस
जिले में जश्रे ईद मीलादुन्नबी पर्व मंगलवार को उल्लास के साथ मना। जिला मुख्यालय से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में जगह जगह जुलूस निकला। इसमें विभिन्न अंजुमनों के द्वारा कलाम प्रस्तुत किया गया। जिला मुख्यालय पर विभिन्न धार्मिकस्थलों के मॉडल लोगों के आकर्षण का केंद्र बने रहे। इसके अलावा महफिल का दौर भी सुबह से प्रारंभ हो गया, जो देर शाम तक चलता रहा।
मुसलमानों के आखिरी रसूल हजरत मोहम्मद मुस्तफा अलैह के जन्मदिवस पर मंगलवार को जिले में विविध आयोजन हुए। एक दिन पहले सोमवार से ही विभिन्न प्रकार के कार्यक्रमों का दौर प्रारंभ हो गया, जो मंगलवार को भी जारी रहा। सोमवार देर शाम अकबरपुर नगर के पुराने तहसील तिराहा के निकट महफिल का आयोजन हुआ। इसमें स्थानीय व बाहरी शायरों ने कलाम प्रस्तुत किए। साथ ही उलेमा ने हजरत मोहम्मद के जीवन पर विस्तार से प्रकाश डाला।