फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Order of FIR in fire in pickup bhawan case.

पिकप भवन में साजिशन लगाई गई थी आग, जांच में खुलासा, दर्ज हुई एफआईआर

Sat, 06 Jul 2019 10:46 PM IST
ishwar ashish न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: ishwar ashish Updated Sat, 06 Jul 2019 10:46 PM IST
विज्ञापन
Order of FIR in fire in pickup bhawan case.
पिकअप भवन में लगी आग (फाइल फोटो।) - फोटो : amar ujala

पिकप भवन में आग लगी नहीं थी बल्कि साजिशन लगाई गई थी। इसका खुलासा जांच समिति की रिपोर्ट में हुआ है। लोन से संबंधित सैकड़ों फाइलें इस घटना में राख हो गईं। इन फाइलों का डिजिटलाइजेशन नहीं हुआ था। अपने स्पष्ट निष्कर्ष के साथ समिति ने रिपोर्ट शनिवार को शासन को सौंप दी।

विज्ञापन

 


जानकारी के अनुसार रिपोर्ट में कहा गया है कि प्रथमदृष्टया पिकप भवन में आग लगाया जाना प्रतीत हो रहा है। विभाग के अधिकारियों व कर्मियों के विरोधाभासी बयान और सूचना देने में हुई देरी से भी साजिश के तहत आग लगाए जाने की घटना को बल मिल रहा है। यह आग पिकप भवन के प्रथम तल पर स्थित प्रदेशीय इंडस्ट्रियल एवं इंवेस्टमेंट कार्पोरेशन उत्त प्रदेश लिमिटेड (पिकप) की ओर से उद्यमियों को उद्योग की स्थापना के लिए ऋण दिया जाता रहा है।

विज्ञापन


पूर्व में दिए गए लोन की पत्रावलियों का अब तक डिजिटलाइजेशन ही नहीं हुआ था। इन फाइलों का ऑडिट किया जाना प्रस्तावित था। फाइलों का ऑडिट होता तो कई बड़े अधिकारी इसकी जद में आते और एक बहुत बड़े घोटाले पर से पर्दा उठ जाते। पिकप के घोटालों पर पर्दा पड़ा रहे, इस लिए यह आग साजिशन लगाई गई।
विज्ञापन
विज्ञापन


शार्ट सर्किट के नहीं मिले सुबूत
सूत्रों की मानें तो जांच अधिकारियों को शार्ट सर्किट के कोई सुबूत नहीं मिले हैं। रिपोर्ट में बताया गया है कि यदि शार्ट सर्किट से आग लगी होती तो ‘पैनल डिस्टर्ब’ जरूर होता। लेकिन ऐसा नहीं था। बिल्डिंग के एयर कंडीशन या ऐसी में भी शार्ट सर्किट के सुबूत नहीं मिले हैं।

आग का असर लोन से संबंधित फाइलों वाले तीन कमरों तक

रिपोर्ट के अनुसार आग का असर उन कमरों तक अधिक था जहां पर लोन से संबंधित फाइलें रखी हुई थीं। सूत्रों का कहना है कि लोन से संबंधित एक भी फाइल स्वाहा होने से नहीं बची है। यह फाइलें तीन कमरों में रखी हुई थीं।

विभाग की ओर से आधे घंटे बाद दी गई सूचना
रिपोर्ट के मुताबिक आग लगने की घटना शाम लगभग सवा सात बजे की है। आग लगने की पहली सूचना वेव शॉपिंग माल के चौथे तल पर बने रेस्टोरेंट में बैठे मनीष श्रीवास्तव ने 100 नंबर पर दी थी। जहां से आग साफ दिखाई दे रही थी। जबकि विभाग की ओर से इसकी सूचना लगभग पौने आठ बजे रात में दी गई। यह भी किसी साजिश की ओर ही इशारा कर रहा है।

बयान में विरोधाभास
जांच टीम ने अलग अलग कर्मियों के बयान भी अपनी रिपोर्ट में दर्ज किए हैं, जिसमें काफी विरोधाभास है। जो अधिकारी समिति के सामने पेश नहीं हुए उनका बयान फोन पर रिकार्ड किया गया और उसे रिपोर्ट के साथ संलग्न किया गया है। साथ ही कई फोटो भी रिपोर्ट में जांच टीम ने लगाए हैं, जो स्पष्ट साजिश की ओर इशारा कर रहे हैं।

गृह विभाग ने दिए एफआईआर दर्ज करने के आदेश
अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश अवस्थी ने बताया कि इस मामले में रिपोर्ट मिल गई है। विस्तृत जांच की आवश्यकता है इसलिए स्थानीय थाने में एफआईआर दर्ज करा दी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed