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Lucknow News: आधी रात कार्यालय खोल जारी किया अभियंता के निलंबन का आदेश
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लखनऊ। अलीगंज अग्निकांड में 15 लोगों की मौत के लिए जिम्मेदार मानते हुए शासन ने जानकीपुरम जोन के बिजली के अधिशासी अभियंता गौरव कुमार को निलंबित करने का निर्देश दिया है। इसका आदेश जारी करने के लिए मुख्य अभियंता व प्रबंध निदेशक कार्यालय आधी रात को खुला। हालांकि, निलंबन पर सवाल भी उठ रहे हैं।
शासन ने देर रात गौरव कुमार के निलंबन का संदेश बिजली महकमे के शीर्ष स्तर पर भेजा। सबसे पहले जोनल मुख्य अभियंता वीपी सिंह को निर्देश दिए गए कि गौरव कुमार के निलंबन की संस्तुति करके भेजें। मुख्य अभियंता को जिस वक्त निर्देश मिले वे 20 किमी दूर थे। वह आननफानन पुरनिया स्थित कार्यालय पहुंचे। रात 12 बजे के बाद यह संस्तुति मध्यांचल निगम पहुंची तब निलंबन का आदेश जारी हुआ।
लोड बढ़ाने में नहीं बरती थी लापरवाही
राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर्स संगठन के तत्कालीन केंद्रीय अध्यक्ष सुरेश चंद सिंह ने गौरव कुमार के निलंबन पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब उनकी ओर से लोड बढ़ाने में लापरवाही ही नहीं बरती गई तो यह कार्रवाई क्यों की गई। अधिशासी अभियंता को स्वत: ही विद्युत लोड बढ़ाने का अधिकार तीन माह के रिकॉर्ड को लेकर है। वीरेंद्र प्रसाद शुक्ला का विद्युत लोड 20 किलोवाट से बढ़कर मार्च में 24, अप्रैल में 28 और जून में 34 किलोवाट आया था। बढ़े लोड की फीडिंग माह के अंत में होती है। यदि गौरव कुमार जून में विद्युत लोड न बढ़ाते तो उनकी लापरवाही मानी जाती।
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शासन ने देर रात गौरव कुमार के निलंबन का संदेश बिजली महकमे के शीर्ष स्तर पर भेजा। सबसे पहले जोनल मुख्य अभियंता वीपी सिंह को निर्देश दिए गए कि गौरव कुमार के निलंबन की संस्तुति करके भेजें। मुख्य अभियंता को जिस वक्त निर्देश मिले वे 20 किमी दूर थे। वह आननफानन पुरनिया स्थित कार्यालय पहुंचे। रात 12 बजे के बाद यह संस्तुति मध्यांचल निगम पहुंची तब निलंबन का आदेश जारी हुआ।
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लोड बढ़ाने में नहीं बरती थी लापरवाही
राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर्स संगठन के तत्कालीन केंद्रीय अध्यक्ष सुरेश चंद सिंह ने गौरव कुमार के निलंबन पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब उनकी ओर से लोड बढ़ाने में लापरवाही ही नहीं बरती गई तो यह कार्रवाई क्यों की गई। अधिशासी अभियंता को स्वत: ही विद्युत लोड बढ़ाने का अधिकार तीन माह के रिकॉर्ड को लेकर है। वीरेंद्र प्रसाद शुक्ला का विद्युत लोड 20 किलोवाट से बढ़कर मार्च में 24, अप्रैल में 28 और जून में 34 किलोवाट आया था। बढ़े लोड की फीडिंग माह के अंत में होती है। यदि गौरव कुमार जून में विद्युत लोड न बढ़ाते तो उनकी लापरवाही मानी जाती।
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