{"_id":"5d4d29358ebc3e6cf805fcf8","slug":"not-just-faith-but-economic-side-of-cow-is-also-explain-by-omprakash-says-yogi","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आस्था ही नहीं गाय का आर्थिक पक्ष भी समझाया ओमप्रकाश ने : योगी आदित्यनाथ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आस्था ही नहीं गाय का आर्थिक पक्ष भी समझाया ओमप्रकाश ने : योगी आदित्यनाथ
Fri, 09 Aug 2019 01:35 PM IST
Amulya Rastogi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
Published by: Amulya Rastogi
Updated Fri, 09 Aug 2019 01:35 PM IST
विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के वरिष्ठ प्रचारक स्वर्गीय ओमप्रकाश के व्यक्तित्व और कृतित्व की चर्चा कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। कहा, गोरक्षा को लेकर आज आई जागरूकता के पीछे उनकी कड़ी तपस्या है। उन्होंने सिर्फ आरएसएस के विस्तार में योगदान नहीं दिया, बल्कि आस्था के साथ गाय का आर्थिक पक्ष भी लोगों को समझाया। गोपालन और इनकी रक्षा के लिए समाज को प्रेरित भी किया। मुख्यमंत्री गुरुवार को निरालानगर स्थित सरस्वती कुंज में संघ के क्षेत्र प्रचारक रहे ओमप्रकाश की स्मृति में हुई श्रद्धांजलि सभा में बोल रहे थे।
योगी ने कहा कि ओमप्रकाश ने विभिन्न कार्यों के लिए प्रकल्पों का गठन कर स्वयंसेवकों को सक्रिय रचनात्मक कार्यों से जोड़ा। इससे संघ का आधार भी मजबूत हुआ और स्वयंसेवकों की सामाजिक सरोकारों में भूमिका बढ़ी। उन्होंने 20 वर्ष पहले ही तत्कालीन भाजपा सरकार को सीमा से सुरक्षा की योजना बनाने की सलाह देकर अपनी दूरदर्शिता का परिचय दे दिया था।
वे कहते थे कि स्वयंसेवक को इतने काम सौंप दो कि वह किसी न किसी से जुड़कर समाज के कामों से जुड़ जाए। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि उन्होंने सुदूर पर्वतीय क्षेत्रों में भी संघ को खड़ा किया। वे खुद उन्हीं की प्रेरणा से राजनीति में आए। प्रचारक जीवन से वापसी के बाद उन्होंने सलाह दी कि राजनीति के क्षेत्र में काम करो, लेकिन बुद्धि और विवेक से काम करना।
विज्ञापन
विज्ञापन
योगी ने कहा कि ओमप्रकाश ने विभिन्न कार्यों के लिए प्रकल्पों का गठन कर स्वयंसेवकों को सक्रिय रचनात्मक कार्यों से जोड़ा। इससे संघ का आधार भी मजबूत हुआ और स्वयंसेवकों की सामाजिक सरोकारों में भूमिका बढ़ी। उन्होंने 20 वर्ष पहले ही तत्कालीन भाजपा सरकार को सीमा से सुरक्षा की योजना बनाने की सलाह देकर अपनी दूरदर्शिता का परिचय दे दिया था।
विज्ञापन
वे कहते थे कि स्वयंसेवक को इतने काम सौंप दो कि वह किसी न किसी से जुड़कर समाज के कामों से जुड़ जाए। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि उन्होंने सुदूर पर्वतीय क्षेत्रों में भी संघ को खड़ा किया। वे खुद उन्हीं की प्रेरणा से राजनीति में आए। प्रचारक जीवन से वापसी के बाद उन्होंने सलाह दी कि राजनीति के क्षेत्र में काम करो, लेकिन बुद्धि और विवेक से काम करना।
विज्ञापन
विपरीत परिस्थितियों में असाधारण काम : डॉ. कृष्ण गोपाल
संघ के सह सरकार्यवाह डॉ. कृष्ण गोपाल ने कहा कि उन्होंने विपरीत परिस्थितियों में असाधारण काम किए। करीब 73 वर्ष संघ के जरिये समाज का काम किया। पर्वतीय क्षेत्रों में सैकड़ों किलोमीटर पैदल चले। भूखे-प्यासे रहकर लोगों को संघ से जोड़ा।
स्नेह की मूर्ति थे : रामलाल
भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय महामंत्री संगठन रामलाल ने कहा कि वे संवेदनशील और सच्चे कार्यकर्ता थे। कहते थे कि जो भी काम हाथ में लो उसमें डूबकर करो। वे देखने में कठोर, लेकिन अंदर से स्नेेह की प्रतिमूर्ति थे।
उनकी स्मृतियां उन्हें जीवित रखेंगी : दीक्षित
विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने कहा कि उनकी स्मृतियां भविष्य में भी उन्हें जीवित रखेंगी। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य व डॉ. दिनेश शर्मा ने उनसे जुड़े संस्मरणों के जरिये उन्हें याद किया। श्रद्धांजलि सभा में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह, उत्तराखंड भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट, संघ के वरिष्ठ प्रचारक राकेश जैन, राष्ट्र सेविका समिति की कार्यवाहिका यशोधरा समेत संघ परिवार व प्रदेश सरकार कई मंत्री शामिल हुए।
स्नेह की मूर्ति थे : रामलाल
भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय महामंत्री संगठन रामलाल ने कहा कि वे संवेदनशील और सच्चे कार्यकर्ता थे। कहते थे कि जो भी काम हाथ में लो उसमें डूबकर करो। वे देखने में कठोर, लेकिन अंदर से स्नेेह की प्रतिमूर्ति थे।
उनकी स्मृतियां उन्हें जीवित रखेंगी : दीक्षित
विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने कहा कि उनकी स्मृतियां भविष्य में भी उन्हें जीवित रखेंगी। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य व डॉ. दिनेश शर्मा ने उनसे जुड़े संस्मरणों के जरिये उन्हें याद किया। श्रद्धांजलि सभा में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष स्वतंत्र देव सिंह, उत्तराखंड भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट, संघ के वरिष्ठ प्रचारक राकेश जैन, राष्ट्र सेविका समिति की कार्यवाहिका यशोधरा समेत संघ परिवार व प्रदेश सरकार कई मंत्री शामिल हुए।