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ठाकुरगंज अस्पताल से हटेंगे निजी कर्मचारी
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किशोरी से छेड़छाड़ : शासन की सख्ती पर जागा टीबी अस्पताल प्रशासन, निजी कंपनी के सभी कर्मी हटेंगे
ठाकुरगंज टीबी हॉस्पिटल में जांच कराने आई किशोरी से छेड़छाड़ के मामले में शासन की सख्ती के बाद अस्पताल प्रशासन जागा है।
अस्पताल प्रशासन ने पीओसीटी कंपनी के कर्मचारी को शुक्रवार को हटाने का आदेश जारी किया। साथ ही सुरक्षा के लिहाज से लैब में तैनात दूसरे पीओसीटी कंपनी कर्मचारियों को बाहर किए जाने का फैसला लिया है।
अस्पताल प्रशासन ने महानिदेशालय को पत्र भेजा है, जहां से संस्तुति मिलने पर पैथोलॉजी में कार्यरत चार अन्य लैब टेक्नीशियन को हटाया जाएगा।
चिकित्सालय में किशोरी से छेड़छाड़ के मामले में स्वास्थ्य सचिव ने मामले पर रिपोर्ट तलब की। वहीं, स्वास्थ्य महानिदेशक ने सीएमएस को नोटिस जारी किया है।
सीएमएस डॉ. आनंद बोध के मुताबिक, स्वास्थ्य सचिव हेकाली झिमोमी कार्यालय से घटना की रिपोर्ट तलब की गई थी। पूरा विवरण मुहैया कराया गया है।
वहीं, पैथोलॉजी में काम कर रहे पीओसीटी कंपनी के सभी कर्मियों को हटाने का फैसला किया गया है। कहा कि अस्पताल के ही लैब टेक्नीशियन पैथोलॉजी का काम देखेंगे।
सुरक्षा के लिए गार्ड तक नहीं
अस्पताल में एक भी गार्ड तैनात नहीं है। ऐसे में आए दिन मरीजों के सामान चोरी होने संग छेड़छाड़ की घटनाएं होती है। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि गार्डों की मांग की गई है, मगर अभी तक नहीं मिले हैं।
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सिविल अस्पताल में सुरक्षा के लिए महज 12 गार्ड
सिविल अस्पताल की सुरक्षा में तमाम खामियां हैं। अस्पताल की इमरजेंसी में महज एक गार्ड तैनात रहता है। अस्पताल के पास केवल 12 गार्ड हैं। आए दिन यहां तीमारदार डॉक्टर व स्टाफ संग अभद्रता करते हुए इमरजेंसी तक प्रभावित करते हैं। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि 36 गार्ड की मांग स्वास्थ्य महानिदेशालय से की गई थी।
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ठाकुरगंज टीबी हॉस्पिटल में जांच कराने आई किशोरी से छेड़छाड़ के मामले में शासन की सख्ती के बाद अस्पताल प्रशासन जागा है।
अस्पताल प्रशासन ने पीओसीटी कंपनी के कर्मचारी को शुक्रवार को हटाने का आदेश जारी किया। साथ ही सुरक्षा के लिहाज से लैब में तैनात दूसरे पीओसीटी कंपनी कर्मचारियों को बाहर किए जाने का फैसला लिया है।
अस्पताल प्रशासन ने महानिदेशालय को पत्र भेजा है, जहां से संस्तुति मिलने पर पैथोलॉजी में कार्यरत चार अन्य लैब टेक्नीशियन को हटाया जाएगा।
चिकित्सालय में किशोरी से छेड़छाड़ के मामले में स्वास्थ्य सचिव ने मामले पर रिपोर्ट तलब की। वहीं, स्वास्थ्य महानिदेशक ने सीएमएस को नोटिस जारी किया है।
सीएमएस डॉ. आनंद बोध के मुताबिक, स्वास्थ्य सचिव हेकाली झिमोमी कार्यालय से घटना की रिपोर्ट तलब की गई थी। पूरा विवरण मुहैया कराया गया है।
वहीं, पैथोलॉजी में काम कर रहे पीओसीटी कंपनी के सभी कर्मियों को हटाने का फैसला किया गया है। कहा कि अस्पताल के ही लैब टेक्नीशियन पैथोलॉजी का काम देखेंगे।
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सुरक्षा के लिए गार्ड तक नहीं
अस्पताल में एक भी गार्ड तैनात नहीं है। ऐसे में आए दिन मरीजों के सामान चोरी होने संग छेड़छाड़ की घटनाएं होती है। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि गार्डों की मांग की गई है, मगर अभी तक नहीं मिले हैं।
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सिविल अस्पताल में सुरक्षा के लिए महज 12 गार्ड
सिविल अस्पताल की सुरक्षा में तमाम खामियां हैं। अस्पताल की इमरजेंसी में महज एक गार्ड तैनात रहता है। अस्पताल के पास केवल 12 गार्ड हैं। आए दिन यहां तीमारदार डॉक्टर व स्टाफ संग अभद्रता करते हुए इमरजेंसी तक प्रभावित करते हैं। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि 36 गार्ड की मांग स्वास्थ्य महानिदेशालय से की गई थी।