{"_id":"6360b5632deb4004d3494583","slug":"no-bail-to-siddique-kappan","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lucknow: कप्पन को जमानत नहीं, हवाला से धन प्राप्त कर देश विरोधी कार्यों में लगाने का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lucknow: कप्पन को जमानत नहीं, हवाला से धन प्राप्त कर देश विरोधी कार्यों में लगाने का आरोप
Tue, 01 Nov 2022 11:27 AM IST
ishwar ashish
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
संवाद न्यूज एजेंसी, लखनऊ
Published by: ishwar ashish
Updated Tue, 01 Nov 2022 11:27 AM IST
सार
कथित पत्रकार सिद्दिक कप्पन को जमानत नहीं मिल सकी है। उस पर हवाला के जरिए धन प्राप्त कर देश विरोधी कार्यों में लगाने का आरोप है।
विज्ञापन
सीएफआई सदस्य सिद्दीक कप्पन (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हाथरस कांड के बाद गिरफ्तार किए गए कथित पत्रकार सिद्दिक कप्पन की जमानत अर्जी ईडी के विशेष न्यायाधीश संजय शंकर पांडेय ने खारिज कर दी। कप्पन के खिलाफ हवाला से धन प्राप्त करने और उसे देश विरोधी कार्यों में लगाने समेत तमाम आरोपों में ईडी ने केस दर्ज कर रखा है।
विज्ञापन
विशेष अदालत में सोमवार को अभियोजन ने कप्पन की जमानत अर्जी का विरोध किया। बताया कि ईडी ने एनआईए की रिपोर्ट व चार्जशीट के आधार पर पीएफआई और उससे जुड़े लोगों की जांच शुरू की।
विज्ञापन
इसमें पाया गया कि यूपी पुलिस ने 7 अक्तूबर, 2020 को मसूद अहमद, सिद्दीक कप्पन, अतिकुर रहमान और मो. आलम के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जब गिरफ्तार किया था तब वे सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने, दंगे भड़काने और आतंक फैलाने हाथरस जा रहे थे।
विज्ञापन
बताया गया कि कप्पन पीएफआई के मुखपत्र तेजस डेली में कार्य करता था और संगठन का सक्रिय सदस्य था। साथ ही आरोपी को 2015 में दिल्ली में दंगे कराने के लिए नियुक्त किया गया था।