'चीन के सामान का बहिष्कार करें मुसलमान'
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राजधानी में ईद-उल-अजहा की नमाज शांतिपूर्ण माहौल में अदा की गई। शहर की ऐशबाग ईदगाह में मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने नमाज अदा कराने के बाद मुसलमानों से चीन से आने वाले सामानों के बहिष्कार की अपील की।
सोमवार को शहर की ईदगाहों और मस्जिदों में अल्लाह की रजा के लिए हजारों नमाजियों के सिर सजदे में झुक गए।
शहर की ऐशबाग ईदगाह में मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने तो आसिफी मस्जिद बड़े इमामबाड़े में मौलाना कल्बे जव्वाद ने नमाज अदा कराई। इस अवसर पर देश और दुनिया में अमन और मुसलमानों की सुरक्षा की दुआ भी हुई।
ऐशबाग ईदगाह में शहर की सबसे बड़ी सुन्नी जमात ने ईद-उल-अजहा की नमाज अदा की। यहां मौलाना महली ने नमाज अदा कराने के बाद अपने संबोधन में कहा कि ईद-उल-अजहा कुर्बानी व अमन का पैगाम देती है।
'देश की सीमा पर आंखे दिखाने से डरेगा चीन'
खालिद रशीद ने देश की सुरक्षा पर चिंता जताते हुए कहा कि मुसलमान चीन से आने वाली हर चीज का बहिष्कार करें क्योंकि इससे उसे भारी नुकसान होगा। वह देश की सीमा पर बार-बार आंखे दिखाने से डरेगा।
उन्होंने कहा कि देश में चीन का बहुत बड़ा बाजार है जो उसकी आर्थिक स्थिति को मजबूत कर रहा है। उन्होंने आज से ही मुसलमानों से चीन के किसी भी सामान का उपयोग न करने की अपील की।
बाबरी विवाद का फैसला हक में आने की मांगी दुआ
मौलाना फरंगी महली ने देश की सुरक्षा व सुप्रीम कोर्ट में चल रहे बाबरी विवाद में मुसलमानों के हक में फैसला आने की सामूहिक दुआ कराई।
इस अवसर पर उन्होंने प्रदेश सरकार से मुस्लिम युवाओं को सरकारी विभागों में नौकरियां मुहैया कराए जाने की अपील भी की। साथ ही मुसलमानों से अपने बच्चों को अच्छी तालीम देन की गुजारिश की।