दुर्घटना में होने वाली मौत में सरकार देगी पहले से ज्यादा मुआवजा
- यात्री की मृत्यु पर 40 हजार के बजाय सवा लाख मिलेगा मुआवजा
- यूपी मोटरयान कराधान नियमावली में सरकार करेगी संशोधन
- घायलों को मिलने वाली मुआवजा राशि ढाई गुना बढ़ाने की तैयारी
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सरकार परिवहन निगम की बसों से यात्रा के दौरान एक्सीडेंट से मृत्यु होने या फिर घायल होने की दशा में मिलने वाली मुआवजा राशि बढ़ाने जा रही है।
अभी यात्रियों की मृत्यु पर उनके परिवारीजनों को मात्र 40 हजार रुपये मुआवजा मिलता है, लेकिन अब सरकार इसे बढ़ाकर सवा लाख रुपये करने जा रही है।
साथ ही, घायलों को भी मिलने वाले मुआवजे को ढाई गुना तक बढ़ाने की तैयारी है। प्रदेश सरकार इसके लिए उत्तर प्रदेश मोटरयान कराधान नियमावली-1998 के नियम 30 में संशोधन करने जा रही है।
परिवहन विभाग ने इसका प्रस्ताव तैयार कर लिया है, जिसे जल्द कैबिनेट में पेश किया जाएगा। अभी नियमावली में दो तरह की व्यवस्था है। यदि परिवहन निगम बस के यात्री की मृत्यु होती है तो उसके परिवारीजनों को 40 हजार रुपये राहत राशि मिलती है।
निशक्ततों के मुआवजे में भी होगी बढ़ोत्तरी
जबकि, परिवहन निगम की बसों से दुर्घटना में यदि किसी अन्य व्यक्ति की मृत्यु हो जाती है तो उसके परिवारीजनों को मात्र 10 हजार रुपये ही मुआवजा मिलता है। अब सरकार इसे बढ़ाकर 40 हजार रुपये करने जा रही है।
इसके अलावा, नियमावली में घायलों के लिए अलग-अलग मुआवजा राशि का प्रावधान है। निशक्तता के प्रकार के हिसाब से पीड़ितों को मुआवजा मिलता है।
इसे भी सरकार ढाई गुना करने जा रही है। यदि दुर्घटना में दोनों आंखें चली जाती हैं तो अभी 40 हजार रुपये मुजावजे का प्रावधान है, लेकिन अब एक लाख रुपये राहत राशि दी जाएगी।