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यहां भी लड़कों के साथ पढ़ेंगी लड़कियां
शैलेंद्र श्रीवास्तव/अमर उजाला, लखनऊ
Updated Tue, 14 Jan 2014 08:09 PM IST
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ऐसा पहली बार होगा कि सरकारी स्कूलों में को-एड व्यवस्था होगी। अभी तक केवल सरकारी जूनियर हाईस्कूलों में को-एड पढ़ाई होती है।
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मॉडल स्कूलों में 6 से 12 तक की कक्षाएं चलेंगी। पहले साल कक्षा 6 से 10 तक के बच्चों को प्रवेश दिया जाएगा। यही नहीं, अच्छी शिक्षा के लिए एक सेक्शन में अधिकतम 40 छात्रों को प्रवेश दिया जाएगा।
इन स्कूलों में नए सत्र यानी जुलाई से शिक्षण कार्य शुरू करने की तैयारी है।
राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान में इंटर तक के छात्रों को अच्छी शिक्षा देने के लिए मॉडल स्कूल खोले जा रहे हैं। उत्तर प्रदेश में अब तक ऐसे 193 स्कूल खोले जा चुके हैं।
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शासन स्तर पर उच्चाधिकारियों की बैठक में मॉडल स्कूलों में पढ़ाई शुरू कराने पर सहमति बन गई है। इनमें ऐसे शिक्षक रखे जाएंगे जो हिंदी के साथ अंग्रेजी मीडियम के भी होंगे।
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इन स्कूलों में छात्र-छात्राओं को एक साथ प्रवेश देने पर विचार किया गया है। अभी तक लड़कों के लिए राजकीय इंटर कॉलेज और लड़कियों के लिए राजकीय कन्या इंटर कॉलेज अलग-अलग होते हैं।
संचालन की व्यवस्था
प्रमुख सचिव माध्यमिक शिक्षा जितेंद्र कुमार ने स्कूलों के संचालन के लिए अपर राज्य परियोजना निदेशक दिनेश बाबू शर्मा की अध्यक्षता में उप समिति बना दी है।
यह समिति केंद्रीय विद्यालय, नवोदय विद्यालय, सैनिक स्कूल आदि के पैटर्न का अध्ययन करेगी।
समिति स्कूलों में प्रवेश प्रक्रिया, शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया आदि के बारे में अध्ययन करते हुए शासन को रिपोर्ट सौंपेगी।