सीएम दफ्तर के सामने मां-बेटी आत्मदाह प्रयास मामले में विपक्ष का योगी सरकार पर हमला, जानें अखिलेश-मायावती ने क्या कहा
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लोकभवन के सामने दो महिलाओं की आत्मदाह की कोशिश पर विपक्षी दलों ने भाजपा सरकार पर निशाना साधा है। एक ओर जहां शुक्रवार को अखिलेश यादव ने सरकार पर सवाल उठाए थे वहीं बसपा प्रमुख मायावती ने भी शनिवार को ट्वीट कर सरकार से इस मामले को गंभीरता से लेने को कहा है।
मायवती ने ट्वीट किया कि, 'जमीन विवाद प्रकरण में अमेठी जिला प्रशासन से न्याय न मिलने पर मां-बेटी को लखनऊ में सीएम कार्यालय के सामने आत्मदाह करने को मजबूर होना पड़ा। यूपी सरकार इस घटना को गंभीरता से ले तथा पीड़ित को न्याय दे व लापरवाह अफसरों के विरूद्ध सख्त कार्रवाई करे ताकि ऐसी घटना पुनः न हो।'
जमीन विवाद प्रकरण में अमेठी जिला प्रशासन से न्याय न मिलने पर माँ-बेटी को लखनऊ में सीएम कार्यालय के सामने आत्मदाह करने को मजबूर होना पड़ा। यूपी सरकार इस घटना को गम्भीरता से ले तथा पीड़ित को न्याय दे व लापरवाह अफसरों के विरूद्ध सख्त कार्रवाई करे ताकि ऐसी घटना पुनः न हों।
विज्ञापन विज्ञापन— Mayawati (@Mayawati) July 18, 2020
अखिलेश ने आज दोबारा किया ट्वीट
सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने आज दोबारा इस मामले पर ट्वीट कर लिखा, 'लोकभवन के सामने 2 महिलाओं द्वारा आत्मदाह की घटना, सोती हुई सरकार को जगाने के लिए क्या काफी नहीं है या फिर असंवेदनशील सरकार व मुख्यमंत्री जी किसी और बड़ी दुर्घटना का इंतजार कर रहे हैं। क्या उप्र में सरकार नाम की कोई चीज है!'
लोकभवन के सामने 2 महिलाओं द्वारा आत्मदाह की घटना, सोती हुई सरकार को जगाने के लिए क्या काफ़ी नहीं है या फिर असंवेदनशील सरकार व मुख्यमंत्री जी किसी और बड़ी दुर्घटना का इंतजार कर रहे हैं.
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) July 18, 2020
क्या उप्र में सरकार नाम की कोई चीज़ है !
भाजपा सरकार में गरीबों की सुनवाई नहीं: अखिलेश
वहीं कल सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा था कि भाजपा राज में गरीबों की सुनवाई नहीं होती है। अखिलेश ने घटना के बाद ट्वीट किया, लखनऊ में लोकभवन केसामने दो महिलाओं द्वारा दबंगों के खिलाफ कोई कार्रवाई न होने से हताश होकर आत्मदाह करने की दुखद खबर आई है। सपा ने लोकभवन इसलिए बनवाया था कि वहां बिना भेदभाव आम जनता अपनी शिकायतों के निवारण के लिए जा सके लेकिन इस भाजपा सरकार में गरीबों के लिए कोई सुनवाई नहीं है।
लखनऊ में लोकभवन के सामने दो महिलाओं द्वारा दबंगों के खिलाफ़ कोई कार्रवाई न होने से हताश होकर आत्मदाह करने की दुःखद ख़बर आयी है।
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) July 17, 2020
सपा ने लोकभवन इसलिए बनवाया था कि वहाँ बिना भेदभाव आम जनता अपनी शिकायतों के निवारण के लिए जा सके, लेकिन इस भाजपा सरकार में गरीबों की कोई सुनवाई नहीं।
ओम प्रकाश राजभर ने भी किया ट्वीट
सुभासपा अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर ने ट्वीट किया, लखनऊ में लोकभवन के बाहर जमीन विवाद में अमेठी निवासी मां-बेटी को न्याय न मिलने पर आत्मदाह करने को मजबूर होना पड़ा। भाजपा सरकार में गरीब, कमजोर को थाने, तहसील, ब्लाक स्तर पर न्याय नहीं मिल पा रहा है। बिना पैसा दिए कोई काम नहीं हो रहा, भ्रष्टाचार चरम पर है? उप्र की भाजपा सरकार न्याय व कानून व्यवस्था को लेकर बड़े-बड़े दावे खूब करती है लेकिन धरातल पर सिर्फ हवा-हवाई है। यह योगी सरकार के मुंह पर जोरदार तमाचा है। झुलसी महिलाओं को उपचार मुहैया कराकर तत्काल न्याय दे सरकार, दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करे।
लखनऊ में लोकभवन के बाहर जमीन विवाद में अमेठी निवासी मां बेटी को न्याय ना मिलने से आत्मदाह करने को मजबूर होना पड़ा,भाजपा सरकार में गरीब कमजोर को थाने,तहसील, ब्लॉक स्तर पर न्याय नही मिल पा रहा है,बिना पैसा दिए कोई काम नही हो रहा,भ्रष्टाचार चरम पर है,
— Om Prakash Rajbhar (@oprajbhar) July 17, 2020