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मौलाना यासूब बोले, योग के दौरान ओम के उच्चारण में बुराई नहीं

Thu, 23 Jun 2016 05:55 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ
ब्यूरो/अमर उजाला, लखनऊ Updated Thu, 23 Jun 2016 05:55 PM IST
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Maulana yasoob says there is no evil in chanting om.
मौलाना यासूब अब्बास - फोटो : amar ujala

शिया धर्मगुरु और ऑल इंडिया शिया पर्सनल लॉ बोर्ड के प्रवक्ता मौलाना यासूब अब्बास का कहना है कि योग का ताल्लुक किसी मजहब से नहीं है। इसका वास्ता सेहत और मन की शांति से है।

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योग के दौरान यदि ओम का उच्चारण करना पड़े तो बुराई क्या है? वह कहते हैं कि आप ओम बोलिए या न बोलिए, इस मुद्दे पर विवाद न खड़ा कीजिए।

मौलाना यासूब अब्बास ने मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह के साथ केडी सिंह बाबू स्टेडियम में योग किया था।

‘अमर उजाला’ से बातचीत में मौलाना ने कहा, पूरी दुनिया योग को स्वीकार कर रही है। ऐसे में अपने घर (भारत) में उसका विरोध नहीं होना चाहिए। योग को लेकर बेवजह हो-हल्ला हो रहा है।

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'यह सेहत के लिए अच्छा, मन को मिलती है शांति'

Maulana yasoob says there is no evil in chanting om.
गृहमंत्री राजनाथ सिंह के साथ योग करते मौलाना यासूब - फोटो : amar ujala

उन्होंने कहा, मैंने योग की तफसील जानी है। इसका किसी मजहब से कोई संबंध नहीं है। यह सेहत के लिए अच्छा है, इससे मन को शांति मिलती है।

डायबिटीज, ब्लड प्रेशर, यहां तक कि कैंसर जैसी बीमारी में भी योग फायदेमंद है। जिस तरह पर्यावरण बिगड़ रहा है, प्रदूषण समेत कई समस्याएं सामने आ रही हैं, अस्पतालों में मरीजों की तादाद बढ़ती जा रही है, उसमें यदि योग से कुछ राहत मिलती है तो इसे करने में बुराई क्या है?

मंगलवार को मैंने राजनाथ सिंह के साथ योग किया था। मुझे सुकून मिला है। जब भी वक्त मिलेगा, मैं योग जरूर करूंगा। राजधानी के शिया पीजी कॉलेज में योग की कक्षाएं शुरू कराई जाएंगी।

इस्लाम इतना कमजोर नहीं, जो योग से खतरे में पड़ जाए

Maulana yasoob says there is no evil in chanting om.

मौलाना यासूब ने कहा कि ओम के उच्चारण को लेकर कुछ लोग बेवजह योग का विरोध करते हैं। मंगलवार को योग के दौरान एक भी लफ्ज ऐसा नहीं आया, जिसे लेकर ऐतराज किया जा सके, जिसे इस्लाम विरोधी कहा जा सके। मेरा तो यह कहना है कि यदि ओम बोलना भी पड़े तो हर्ज क्या है?

इस्लाम इतना कमजोर नहीं है कि योग करने, वंदेमातरम बोलने से खतरे में पड़ जाएगा। उन्होंने कहा, यदि आप योग के दौरान ओम नहीं बोलना चाहते तो मत बोलिये। इसके बिना भी योग कर सकते हैं, लेकिन ओम के नाम पर विवाद पैदा मत कीजिए। कुछ लोग बेवजह ऐसी बातों को मुद्दा बनाते हैं जिनका कोई मतलब नहीं है।

वे मजहब की आड़ लेकर योग की मुखालफत कर रहे हैं। हम उनसे यही कहेंगे, कृपया योग को मजहब से मत जोड़िये, इसे लेकर कंट्रोवर्सी पैदा मत कीजिए।

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