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मध्य विधानसभा सीट पर सपा के कई पार्षद ठोंक रहे दावा
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सचिन त्रिपाठी
दल-बदल और इस्तीफों के दौर से उत्साहित समाजवादी पार्टी इस बार लखनऊ की सभी विधानसभा सीटों पर जीत का परचम लहराने का दावा कर रही है। सपा से टिकट पाने के लिए नेताओं ने एड़ी चोटी का जोर लगा रखा है। लखनऊ की मध्य विधानसभा सीट पर सपा का टिकट पाने के लिए काफी आवेदन आए हैं, लेकिन दावेदारी ठोंकने वालों में सबसे बड़ी संख्या पार्षदों की है।
जिले की सीटों पर तो सपा ने कई बार अपना परचम लहराया है, पर शहर की सीट जीतने के लिए सपा को काफी जोर लगाना पड़ा है। शहर में स्थानीय जनता के बीच रहने और पार्षदी का चुनाव जीतने की वजह से सपा के कई पार्र्षद भी टिकट पर अपनी दावेदारी ठोंक रहे हैं। मध्य विधानसभा सीट पर दावेदारी ठोंकने वालों में सबसे पहला नाम कैसरबाग क्षेत्र के पार्षद रेशू का है। हुसैनगंज क्षेत्र से पार्षद कामरान बेग की दावेदारी भी इसी सीट के लिए है। शफीकुर्रहमान, नम्मू भाई भी क्षेत्रीय जनता के बीच सबसे मजबूत पैठ होने का आधार बताकर टिकट पर अपना दावा मजबूत कर रहे हैं। हालांकि इन पार्षदों को पार्टी के ही अन्य वरिष्ठ नेताओं से तगड़ी टक्कर मिल रही है।
इनमें बार काउंसिल के महामंत्री जीतू यादव हैं तो सपा सरकार में मंत्री रहे रविदास मेहरोत्रा भी शामिल हैं। व्यापारी नेता सचिन कंछल भी अपनी उम्मीदवारी जता रहे हैं। ऐसे में समाजवादी पार्टी के सामने सबसे बड़ी चुनौती इनमें से किसी एक को टिकट देकर बाकी की नाराजगी से बचने की भी है। विधानसभा चुनाव में पार्षदों का वोट बैंक बड़ी भूमिका निभाता है, लेकिन समस्या यह है कि पार्षदों के क्षेत्र विधानसभा सीट के मुकाबले काफी छोटे होते हैं। ऐसे में पार्टी अपने कोर वोटर के साथ-साथ उस प्रत्याशी पर दांव लगाना चाहती है, जिसका प्रभाव एक वार्ड से ज्यादा का है।
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22 जनवरी को घोषित हो सकते हैं प्रत्याशी
सपा लखनऊ जनपद की विधानसभा सीट के लिए अपने प्रत्याशी के नाम 22 जनवरी को घोषित कर सकती है। इससे पहले 20 जनवरी को सभी दावेदारों की बैठक भी बुलाई गई है। माना जा रहा है इसके बाद ही प्रत्याशी के नामों की घोषणा की जाएगी।
राष्ट्रीय अध्यक्ष तय करेंगे टिकट
सपा में टिकट के लिए सभी ने अपनी-अपनी दावेदारी की है। राष्ट्रीय अध्यक्ष ही टिकट पर अंतिम फैसला लेंगे। जिन कार्यकर्ताओं ने टिकट की दावेदारी की है वे सपा के निष्ठावान हैं। किसी एक को टिकट मिलने की सूरत में भी वे पार्टी के प्रत्याशी को जिताने में अपना पूरा जोर लगा देंगे।
- सौरभ सिंह यादव, महासचिव, समाजवादी पार्टी महानगर इकाई
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दल-बदल और इस्तीफों के दौर से उत्साहित समाजवादी पार्टी इस बार लखनऊ की सभी विधानसभा सीटों पर जीत का परचम लहराने का दावा कर रही है। सपा से टिकट पाने के लिए नेताओं ने एड़ी चोटी का जोर लगा रखा है। लखनऊ की मध्य विधानसभा सीट पर सपा का टिकट पाने के लिए काफी आवेदन आए हैं, लेकिन दावेदारी ठोंकने वालों में सबसे बड़ी संख्या पार्षदों की है।
जिले की सीटों पर तो सपा ने कई बार अपना परचम लहराया है, पर शहर की सीट जीतने के लिए सपा को काफी जोर लगाना पड़ा है। शहर में स्थानीय जनता के बीच रहने और पार्षदी का चुनाव जीतने की वजह से सपा के कई पार्र्षद भी टिकट पर अपनी दावेदारी ठोंक रहे हैं। मध्य विधानसभा सीट पर दावेदारी ठोंकने वालों में सबसे पहला नाम कैसरबाग क्षेत्र के पार्षद रेशू का है। हुसैनगंज क्षेत्र से पार्षद कामरान बेग की दावेदारी भी इसी सीट के लिए है। शफीकुर्रहमान, नम्मू भाई भी क्षेत्रीय जनता के बीच सबसे मजबूत पैठ होने का आधार बताकर टिकट पर अपना दावा मजबूत कर रहे हैं। हालांकि इन पार्षदों को पार्टी के ही अन्य वरिष्ठ नेताओं से तगड़ी टक्कर मिल रही है।
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इनमें बार काउंसिल के महामंत्री जीतू यादव हैं तो सपा सरकार में मंत्री रहे रविदास मेहरोत्रा भी शामिल हैं। व्यापारी नेता सचिन कंछल भी अपनी उम्मीदवारी जता रहे हैं। ऐसे में समाजवादी पार्टी के सामने सबसे बड़ी चुनौती इनमें से किसी एक को टिकट देकर बाकी की नाराजगी से बचने की भी है। विधानसभा चुनाव में पार्षदों का वोट बैंक बड़ी भूमिका निभाता है, लेकिन समस्या यह है कि पार्षदों के क्षेत्र विधानसभा सीट के मुकाबले काफी छोटे होते हैं। ऐसे में पार्टी अपने कोर वोटर के साथ-साथ उस प्रत्याशी पर दांव लगाना चाहती है, जिसका प्रभाव एक वार्ड से ज्यादा का है।
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22 जनवरी को घोषित हो सकते हैं प्रत्याशी
सपा लखनऊ जनपद की विधानसभा सीट के लिए अपने प्रत्याशी के नाम 22 जनवरी को घोषित कर सकती है। इससे पहले 20 जनवरी को सभी दावेदारों की बैठक भी बुलाई गई है। माना जा रहा है इसके बाद ही प्रत्याशी के नामों की घोषणा की जाएगी।
राष्ट्रीय अध्यक्ष तय करेंगे टिकट
सपा में टिकट के लिए सभी ने अपनी-अपनी दावेदारी की है। राष्ट्रीय अध्यक्ष ही टिकट पर अंतिम फैसला लेंगे। जिन कार्यकर्ताओं ने टिकट की दावेदारी की है वे सपा के निष्ठावान हैं। किसी एक को टिकट मिलने की सूरत में भी वे पार्टी के प्रत्याशी को जिताने में अपना पूरा जोर लगा देंगे।
- सौरभ सिंह यादव, महासचिव, समाजवादी पार्टी महानगर इकाई