{"_id":"617da715d054b76bdb5f105f","slug":"man-dead-after-beaten-lucknow-news-lko602519293","type":"story","status":"publish","title_hn":"बाइक टकराने पर युवक को पीटकर मार डाला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बाइक टकराने पर युवक को पीटकर मार डाला
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लखनऊ।नगराम के डोभिया गांव में शुक्रवार देर रात बुजुर्ग से बाइक टकराने से नाराज लोगों ने बाइक सवार दो चचेरे भाइयों की पिटाई शुरू कर दी। आरोप है कि एक भाई तो किसी तरह जान बचाकर भाग निकला मगर दूसरे को ईंटों व लाठियों से इस कदर पीटा गया कि कुछ घंटे बाद ट्रॉमा सेंटर के बाहर उसने दम तोड़ दिया। यह भी आरोप है कि युवक की पिटाई की सूचना पर जब उसके मौसा और मां मौके पर पहुंचे तो आरोपियों ने उन्हें भी पीटा। मृतक के परिवारीजनों का आरोप है कि इतनी बड़ी वारदात होने पर भी नगराम पुलिस ने दबाव बनाकर हादसे में घायल होने से मौत की रिपोर्ट दर्ज की है। शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
मोहनलालगंज के दीवानगंज निवासी राजेश का पुत्र अंकित (20) शुक्रवार को चचेरे भाई सोनू के साथ नगराम के डोभिया गांव में अपने मौसा सुंदर के यहां छठी में गया था। सोनू के मुताबिक, शुक्रवार रात वह अंकित के साथ बाइक से पान मसाला खाने निकला था। बाइक सोनू चला रहा था। तभी गांव में ही बुजुर्ग मैकू से बाइक टकरा गई। इससे मैकू के साथ ही अंकित व सोनू भी गिर पडे़। सोनू के मुताबिक, हादसे से गुस्साए गांव के लोग उसे व अंकित को लाठियों से पीटने लगे। ईंटों से भी हमला किया। बाइक तोड़ डाली और अंकित का मोबाइल छीन लिया।
सोनू के मुताबिक, वह किसी तरह भागकर मौसा सुंदर के घर गया और उन्हें पूरी बात बताई। सुंदर व अंकित की मां नीलम तुरंत वहां पहुंचीं। मगर आरोपियों ने नीलम की भी पिटाई कर दी। मरणासन्न अंकित को लेकर सुंदर पास के खुजौली स्थित निजी अस्पताल गए तो आरोपी वहां भी पहुंच गए और सुंदर को पीटने लगे। अस्पताल के स्टाफ ने अंकित को किसी और अस्पताल ले जाने को कहा। इसके बाद उसे मोहनलालगंज के एक निजी अस्पताल पहुंचाया गया तो वहां से भी लौटा दिया गया। परिवारीजन अंकित को आलमबाग के निजी अस्पताल ले गए, जहां से ट्रॉमा सेंटर भेज दिया गया। परिवारीजन का आरोप है कि काफी देर तक ट्रॉमा सेंटर में अंकित को भर्ती नहीं किया गया, इस वजह से बाहर ही उसने दम तोड़ दिया।
विज्ञापन
पुलिस ने कहा, पिटाई से नहीं, हादसे में हुई मौत
सोनू समेत अंकित के परिवारीजनों का आरोप है कि डोभिया गांव में घंटों बवाल हुआ मगर नगराम पुलिस बेखबर बनी रही। बाद में अंकित की मौत होने पर नगराम पुलिस ने हत्या को हादसा बता दिया। अंकित के पिता राजेश का आरोप है कि नगराम पुलिस ने दबाव बनाकर उनसे हादसे की तहरीर लिखवाकर रिपोर्ट दर्ज की है। इस मामले में एसीपी मोहनलालगंज दिलीप सिंह का कहना है कि नगराम में बाइक टकराने से घायल होने पर अंकित की मौत हुई है। उसकी पिटाई नहीं की गई है। उनका कहना है कि नगराम थाने में अंकित के पिता ने हादसे की ही रिपोर्ट दर्ज कराई है। परिवारीजनों के आरोपों पर भी छानबीन की जाएगी।
विज्ञापन
मोहनलालगंज के दीवानगंज निवासी राजेश का पुत्र अंकित (20) शुक्रवार को चचेरे भाई सोनू के साथ नगराम के डोभिया गांव में अपने मौसा सुंदर के यहां छठी में गया था। सोनू के मुताबिक, शुक्रवार रात वह अंकित के साथ बाइक से पान मसाला खाने निकला था। बाइक सोनू चला रहा था। तभी गांव में ही बुजुर्ग मैकू से बाइक टकरा गई। इससे मैकू के साथ ही अंकित व सोनू भी गिर पडे़। सोनू के मुताबिक, हादसे से गुस्साए गांव के लोग उसे व अंकित को लाठियों से पीटने लगे। ईंटों से भी हमला किया। बाइक तोड़ डाली और अंकित का मोबाइल छीन लिया।
विज्ञापन
सोनू के मुताबिक, वह किसी तरह भागकर मौसा सुंदर के घर गया और उन्हें पूरी बात बताई। सुंदर व अंकित की मां नीलम तुरंत वहां पहुंचीं। मगर आरोपियों ने नीलम की भी पिटाई कर दी। मरणासन्न अंकित को लेकर सुंदर पास के खुजौली स्थित निजी अस्पताल गए तो आरोपी वहां भी पहुंच गए और सुंदर को पीटने लगे। अस्पताल के स्टाफ ने अंकित को किसी और अस्पताल ले जाने को कहा। इसके बाद उसे मोहनलालगंज के एक निजी अस्पताल पहुंचाया गया तो वहां से भी लौटा दिया गया। परिवारीजन अंकित को आलमबाग के निजी अस्पताल ले गए, जहां से ट्रॉमा सेंटर भेज दिया गया। परिवारीजन का आरोप है कि काफी देर तक ट्रॉमा सेंटर में अंकित को भर्ती नहीं किया गया, इस वजह से बाहर ही उसने दम तोड़ दिया।
विज्ञापन
पुलिस ने कहा, पिटाई से नहीं, हादसे में हुई मौत
सोनू समेत अंकित के परिवारीजनों का आरोप है कि डोभिया गांव में घंटों बवाल हुआ मगर नगराम पुलिस बेखबर बनी रही। बाद में अंकित की मौत होने पर नगराम पुलिस ने हत्या को हादसा बता दिया। अंकित के पिता राजेश का आरोप है कि नगराम पुलिस ने दबाव बनाकर उनसे हादसे की तहरीर लिखवाकर रिपोर्ट दर्ज की है। इस मामले में एसीपी मोहनलालगंज दिलीप सिंह का कहना है कि नगराम में बाइक टकराने से घायल होने पर अंकित की मौत हुई है। उसकी पिटाई नहीं की गई है। उनका कहना है कि नगराम थाने में अंकित के पिता ने हादसे की ही रिपोर्ट दर्ज कराई है। परिवारीजनों के आरोपों पर भी छानबीन की जाएगी।