चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के 62 पदों के लिए एमटेक-एमएससी भी लाइन में
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प्रदेश में नौकरी चाहने वाले युवाओं के लिए अब पद कोई मायने नहीं रखता। रेडियो मुख्यालय में संदेशवाहक (चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी) के 62 पद के लिए 93,500 युवकों ने आवेदन किया है। आवेदकों में से लगभग 80,000 अभ्यर्थी स्नातक हैं। इनमें से कई एमटेक व एमएससी उत्तीर्ण होने के साथ ही एमबीए और दूसरे व्यावसायिक कोर्स भी कर चुके हैं।
बता दें, रेडियो मुख्यालय पर संदेशवाहक पद के लिए 23 जुलाई को विज्ञापन निकाला गया था। आवेदन करने की अंतिम तिथि 16 अगस्त निर्धारित की गई थी। संदेशवाहक पद के लिए न्यूनतम शैक्षिक अर्हता पांचवीं उत्तीर्ण और साइकिल चलाने की शर्त रखी गई थी। इस पद के लिए 93,500 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया। इनमें से 90 फीसदी आवेदक ग्रेजुएट हैं, लेकिन सभी ने हाईस्कूल का ही प्रमाणपत्र लगाया है।
परीक्षा कराने पर प्रति अभ्यर्थी आएगा 300 रुपये खर्च
डीजी टेलीकॉम प्रमोद कुमार तिवारी का कहना है कि यह गर्व की बात है कि संदेशवाहक जैसे पद के लिए पढ़े-लिखे युवा दिलचस्पी ले रहे हैं। मगर चुनौती तो पारदर्शी तरीके से 93.5 हजार आवेदकों में से महज 62 का चयन करना है।
चिंता 62 की नहीं बल्कि उन शेष अभ्यर्थियों की होगी, जो आवेदन करने के बाद भी मायूस रह जाएंगे। चयन प्रक्रिया पर कोई अंगुली न उठे, इसके लिए किसी एजेंसी से परीक्षा कराए जाने के लिए शासन को पत्र लिखा गया है।
परीक्षा कराने के लिए प्रति अभ्यर्थी 300 रुपये के हिसाब से तीन करोड़ रुपये की मांग की गई है। उन्होंने बताया कि शासन से यह भी कहा गया है कि अगर वह पैसे देने में असमर्थ है तो क्या अभ्यर्थियों से पैसे लेने पर विचार किया जा सकता है।