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Lucknw News : किडनी के मरीजों के लिए खुलेंगी डायलिसिस यूनिट, ब्लड बैंक से लैस होंगे प्रदेश के तीन अस्पताल
Thu, 19 Oct 2023 05:47 PM IST
पंकज श्रीवास्तव
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
अमर उजाला ब्यूरो, लखनऊ
Published by: पंकज श्रीवास्तव
Updated Thu, 19 Oct 2023 05:47 PM IST
सार
लखनऊ के लोक बंधु राज नारायण अस्पताल में चार-चार बेड की दो डायलिसिस यूनिट खोलने के निर्देश दिए हैं। वाराणसी और गोरखपुर में चार-चार बेड की डायलिसिस यूनिट खोलने की अनुमति प्रदान की है।
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उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक।
- फोटो : amar ujala
विस्तार
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने प्रदेश के 11 अस्पतालों के लिए वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। इसमें किडनी मरीजों के लिए डायलिसिस यूनिट खोली जा रही हैं। तीन अस्पतालों में ब्लड बैंक की स्थापना होगी। उन्होंने तय समय पर काम करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही अधिकारियों को कामकाज की निगरानी की हिदायत दी है। लखनऊ के लोक बंधु राज नारायण अस्पताल में चार-चार बेड की दो डायलिसिस यूनिट खोलने के निर्देश दिए हैं। साथ ही अस्पताल में ब्लड बैंक के लिए रोटरी इंटरनेशनल को अनुमति प्रदान की है। वाराणसी और गोरखपुर में चार-चार बेड की डायलिसिस यूनिट खोलने की अनुमति प्रदान की है। इन दोनों अस्पतालों में भी रोटरी इंटरनेशनल ब्लड बैंक की स्थापना में मदद करेगी।
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डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि लखनऊ के उच्च न्यायालय इलाहाबाद खण्डपीठ की पैथोलॉजी को अपग्रेड किया जा रहा है। इसमें ऑटोमेटिक बायोकैमेस्ट्री एनालाइजर मशीन लगाई जाएगी। इसके लिए 4,68,400 रुपये की स्वीकृति प्रदान की गयी है। उन्होंने बताया कि कानपुर के यूएचएम (उर्सला) अस्पताल में दो लिफ्ट लगाई जाएंगी। इसके लिए 88.90 लाख की वित्तीय स्वीकृति प्रदान कर दी गयी है।
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आगरा मानसिक आरोग्यशाला को 327.41 लाख रुपये का अनुदान दिया गया है। उरई-जालौन के जिला पुरुष चिकित्सालय को आधुनिक उपकरणों से लैस किया जाएगा। डॉक्टर, मरीज तीमारदारों की सहूलियतों के लिए फर्नीचर भी क्रय किया जाएगा। इसके लिए 80,06,000 रुपये की मंजूरी दी गई है। बस्ती के जिला महिला चिकित्सालय को 44.08,480 व बलरामपुर के मेमोरियल जिला चिकित्सालय को उपकरण व फर्नीचर के लिए 2,11,99,466 रुपये की वित्तीय स्वीकृति दी गई है। झांसी के महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक भवन में फायर फाइटिंग सिस्टम व फायर एलार्म की स्थापना के लिए 208.21 लाख की वित्तीय स्वीकृति दी गयी है।
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मरीजों की सहूलियतों के लिए लगातार कदम उठाए जा रहे हैं। अस्पतालों को अपग्रेड किया जा रहा है। आधुनिक उपकरणों से अस्पतालों को लैस किया जा रहा है। बजट की कमी नहीं है। डॉक्टर पूरी निष्ठा व ईमानदारी से मरीजों की सेवा करें। यदि किसी को कोई समस्या है तो हमसे साझा कर सकते हैं। - ब्रजेश पाठक, डिप्टी सीएम
यूपी में 1153583 दिव्यांगों को प्रमाण पत्र जारी
डिप्टी सीएम ने दिव्यांगों को अनावश्यक रूप से भागदौड़ से बचाने के लिए प्रदेश के सभी 75 जनपदों के जिला चिकित्सालयों में कैंप लगाने के निर्देश दिए थे। प्रत्येक सोमवार को कैम्प लगाने के आदेश हैं। इसमें दिव्यांगजनों को दिव्यांगता प्रमाण-पत्र जारी करने के आदेश हैं। 11 सितम्बर तक प्रदेश के समस्त जनपदों में 1570424 लोगों ने दिव्यांगता प्रमाण-पत्र के लिए पंजीकरण कराया। जांच पड़ताल के बाद 1153583 आवेदन सही पाए गए। इन दिव्यांगजनों को दिव्यांगता प्रमाण पत्र निर्गत किये गये। किसी भी दिव्यांगजन को कोई कठिनाई न हो इसके लिए समुचित व्यवस्था करने के आदेश दिए गए हैं। इसकी जिम्मेदारी अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षकों की है। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही पर चिकित्सा अधीक्षक जिम्मेदार होंगे।
गैरहाजिर महिला डॉक्टर बर्खास्त
जालौन के उराई जिला महिला चिकित्सालय में तैनात पैथोलॉजिस्ट डॉ. नीता वर्मा बिना सूचना लगातार गैरहाजिर चल रही थीं। विभाग के जरिए डॉ. नीता को कई पत्र भेजे गए। फोन से संपर्क करने का भी प्रयास किया गया। पर, कोई सूचना नहीं मिली। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने इसे गंभीर अनुशासनहीनता करार दिया। डॉ. नीता को बिना बताए गैरहाजिर रहने व उत्तरदायित्व के निर्वहन में लापरवाही बरतने के आरोप में बर्खास्त कर दिया गया है।
डॉक्टर से लेकर कर्मचारी गायब, वेतन रोका
अम्बेडकर नगर के कटेहरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में 10 अक्टूबर की शाम को सर्पदंश से पीड़ित मरीज को इलाज नहीं मिला। सीएचसी में सभी डॉक्टर व स्वास्थ्य कर्मी गैरहाजिर थे। डिप्टी सीएम ने घटना का संज्ञान लिया। अम्बेडकर नगर सीएमओ को मामले की जांच के आदेश दिए। जांच में पाया गया है कि घटना के वक्त डॉ. अंकुश वर्मा, फार्मासिस्ट हरिशचन्द्र गुप्ता एवं स्वीपर कम चौकीदार रामाशीष उपस्थित नहीं थे। प्रकरण की जांच के बाद वेतन रोक दिया गया है। साथ ही चेतावनी भी दी गई है।