लखनऊ विश्वविद्यालय में मूल्यांकन में गड़बड़ी का आरोप लगा प्रदर्शन, धरने पर बैठे छात्र
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लखनऊ विश्वविद्यालय में स्नातक की सेमेस्टर परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए सोमवार को एक बार फिर से छात्रों ने धरना-प्रदर्शन किया। परिसर में सरस्वती प्रतिमा पर धरने पर बैठे छात्रों का आरोप है कि काफी संख्या में विद्यार्थियों को शून्य और एक नंबर मिला है। काफी विद्यार्थियों को गैरहाजिर दिखाया गया है। वहीं मौके पर पहुंचे परीक्षा नियंत्रक ने कहा कि शिकायत पर जांच की गई है और अभी तक कोई गड़बड़ी नहीं मिली है।
धरने पर बैठे अवनीश यादव का कहना है कि विवि में इस तरह की गड़बड़ियां बराबर हो रही हैं। शिकायत करने पर विद्यार्थियों को आरटीआई में कॉपी देखने को कहा जाता है। इसके लिए उन्हें 300 रुपये खर्च करने पड़ते हैं। चार कॉपी देखने पर उसे 1200 रुपये देने होंगे।
यह काफी महंगा पड़ रहा है। इसलिए विवि को इसका निस्तारण बिना फीस के ही करना चाहिए। इस मामले में जिसकी भी लापरवाही सामने आए उसे सजा मिलनी चाहिए। परीक्षा नियंत्रक ने सभी को पूर्व में दी गई ईमेल आईडी पर अपनी शिकायत भेजने के लिए कहा है।
वेबसाइट पर डाला जाएंगे आर्डिनेंस
प्रदर्शन के दौरान काफी विद्यार्थियों का आरोप लगाया कि उन्हें यह नहीं पता कि पाठ्यक्रम पर कितने नंबर पाने पर अगली कक्षा में प्रमोट किया जाएगा। इस पर परीक्षा नियंत्रक ने परीक्षा से संबंधित आर्डिनेंस वेबसाइट डालने का आश्वासन दिया।
मामले पर लखनऊ विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक डा. अंजनी कुमार मिश्र का कहना है कि विद्यार्थियों की शिकायत पर अब तक 500 मामलों की जांच की जा चुकी है। उनमें कोई गडबड़ी नही मिली है। एक ईमेल भी जारी की गई है। विद्यार्थी इस पर शिकायत भेज सकते हैं। उसकी जांच की जाएगी। परीक्षा से संबंधित आर्डिनेंस विवि की वेबसाइट पर अपलोड किए जा रहे हैं जिससे कि उन्हें कोई समस्या न हो।