फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Lucknow: Fishermen will also get help in case of natural calamity

Lucknow :  मत्स्यपालन कल्याण कोष के क्रियान्वयन का आदेश, अब दैवीय आपदा में मिलेगी सहायता

Fri, 10 Mar 2023 01:10 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ
अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Fri, 10 Mar 2023 01:10 AM IST
सार

अपर मुख्य सचिव मत्स्य डॉ. रजनीश दुबे ने कहा है कि दैवीय आपदा की स्थिति में अब मछुआरों को इस कोष से सहायता दी जाएगी। दैवीय आपदा से मत्स्यपालक की मौत होने पर परिवार को चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।
 

विज्ञापन
Lucknow: Fishermen will also get help in case of natural calamity
यूपी सचिवालय

विस्तार

शासन ने उप्र मत्स्यपालन कल्याण कोष के क्रियान्वयन संबंधी आदेश जारी कर दिया है। अपर मुख्य सचिव मत्स्य डॉ. रजनीश दुबे ने कहा है कि दैवीय आपदा की स्थिति में अब मछुआरों को इस कोष से सहायता दी जाएगी। दैवीय आपदा से मत्स्यपालक की मौत होने पर परिवार को चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।

विज्ञापन


सरकार ने गैस रिसाव, बोरवेल में गिरने, कुआं, नदी, तालाब, पोखर, नहर, नाला, गड्ढा, जलप्रपात में डूबकर मौत होने के अलावा सांड व नीलगाय के आघात को भी दैवीय आपदा माना है। इसके अलावा मत्स्यपालकों के लिए चिकित्सीय सहायता व आवास निर्माण सहायता देने का भी आदेश जारी किया गया है। इसके मुताबिक, घायल होने पर सहायता का मानक अलग तय किया गया है।
विज्ञापन


पैर अथवा आंख खोने यानी 40 से 60 प्रतिशत दिव्यांगता पर 74 हजार रुपये, 60 प्रतिशत से अधिक दिव्यांगता पर ढाई लाख रुपये, घायल होने पर अगर एक सप्ताह से अधिक समय तक अस्पताल में रहना पड़ा तो 16 हजार रुपये और एक सप्ताह से कम रहने पर 5,400 रुपये की सहायता मिलेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed