लखनऊ : विधानमंडल में गूंजी अजय मिश्रा टेनी को बर्खास्त करने की मांग, महंगाई के मुद्दे पर भी कांग्रेस, सपा और सुभासपा ने सरकार को घेरा
उत्तर प्रदेश विधानमंडल के दोनों सदनों में अजय मिश्रा टेनी को बर्खास्त करने और महंगाई के मुद्दे पर भी सरकार को घेरते हुए नारेबाजी की। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने हंगामे के बीच ही अनुपूरक बजट और लेखानुदान प्रस्तुत किया। विधानसभा की कार्यवाही तीन बार स्थगित करनी पड़ी।
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उत्तर प्रदेश विधानमंडल के दोनों सदनों में बृहस्पतिवार को विपक्षी दलों ने केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा टेनी को बर्खास्त करने की मांग को लेकर हंगामा किया। विपक्षी दलों ने महंगाई के मुद्दे पर भी सरकार को घेरते हुए नारेबाजी की। वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने हंगामे के बीच ही अनुपूरक बजट और लेखानुदान प्रस्तुत किया। विधानसभा की कार्यवाही तीन बार स्थगित करनी पड़ी।
एसआईटी ने लखीमपुर खीरी में किसानों को कार से कुचलने के मामले की प्रारंभिक जांच में अजय मिश्रा टेनी के बेटे आशीष मिश्रा को आरोपी बनाया है। आशीष मिश्रा को आरोपी बनाने के बाद से विपक्षी दल केंद्रीय गृह राज्यमंत्री को मंत्री पद से बर्खास्त करने की मांग कर रहे है। बृहस्पतिवार को विधानसभा की कार्यवाही शुरू होते ही सपा, कांग्रेस और सुभासपा के विधायकों ने महंगाई के विरोध और अजय मिश्रा टेनी को बर्खास्त करने की मांग को लेकर हंगामा शुरू कर दिया।
तीनों विपक्षी दलों के विधायकों ने वैल में आकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। नेता प्रतिपक्ष रामगोविंद चौधरी ने कहा कि महंगाई से प्रदेश की जनता त्रस्त है। लोगों का जीवन यापन करना मुश्किल हो रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की एसआईटी ने भी लखीमपुर खीरी मामले में गृह राज्यमंत्री के बेटे के आरोपी बनाया है। इसलिए केंद्र सरकार को तुरंत प्रभाव से अजय मिश्रा का इस्तीफा लेना चाहिए या उन्हें मंत्री से बर्खास्त करना चाहिए।
विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने समझाइश का प्रयास किया। लेकिन बात नहीं बनने पर वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने हंगामे के बीच ही वित्तीय वर्ष 2021-22 के द्वितीय अनुपूरक बजट प्रस्तुत किया। उन्होंने वित्तीय वर्ष 2022-23 के आय-व्ययक (अंतरिम) और वित्तीय वर्ष 2022-23 के एक भाग के लिए लेखानुदान प्रस्तुत किया। हंगामे और नारेबाजी के कारण विधानसभा अध्यक्ष ने सभी तारांकित प्रश्नों को उत्तरित मानने की घोषणा की। वहीं संसदीय कार्य मंत्री ने तीन विधेयक और अधिूसचनाएं प्रस्तुत की।
विपक्ष का हंगामा जारी रहने पर सुरेश खन्ना के प्रस्ताव पर सुबह 11.16 बजे सदन की कार्यवाही को 20 मिनिट के लिए स्थगित किया गया। उसके बाद फिर सदन की कार्यवाही को 20 मिनिट के लिए स्थगित किया गया। तीसरी बार सदन की कार्यवाही को 12.40 बजे तक के लिए स्थगित किया गया।
केंद्रीय गृह राज्य मंत्री को बर्खास्त करने को लेकर विधान परिषद में हंगामा, वेल में आए सपाई
लखीमपुर कांड को लेकर विधान परिषद में जमकर हंगामा हुआ। प्रश्नकाल शुरू होते ही समाजवादी पार्टी के सदस्य वेल में आ गए और टेनी को बर्खास्त करने की मांग करने लगे। परिषद के सभापति मानवेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि समाजवादी पार्टी की ओर से नियम 105 के तहत भी इस पर चर्चा की मंाग की गई है। ऐसे में एक ही विषय को दो बार उठाने का कोई मतलब नहीं है। हंगामे के बीच सभापति ने कार्रवाई 15 मिनट के लिए स्थगित कर दी गई। प्रश्नकाल के बाद समाजवादी पार्टी ने नियम 105 के तहत इस मुद्दे को उठाया और कहा कि टेनी के घर पर बुल्डोजर कब चलेगा। सपा के शशांक यादव ने कहा कि मंत्री पहले खुलेआम किसानों को धमका रहे थे और अब मीडिया के लोगों का धमका रहे हैं।
सपा के नरेश उत्तम पटेल, राजेश यादव और राजपाल कश्यप ने कहा कि एसआईटी ने लखीमपुर की घटना को सुनियोजित साजिश बताया है। यह साबित हो गया है टेनी की ही गाड़ी से जानबूझकर किसानों को कुचला गया। इस मामले में अब तक केंद्रीय गृह राज्यमंत्री अजय मिश्रा टेनी को क्यों बचाया जा रहा है। इस पर सरकार की ओर से कहा गया कि अजय टेनी केंद्रीय गृह मंत्री हैं उन्हें यूपी सरकार कैसे हटा सकती है? इस पर राजपाल कश्यप ने कहा कि घटना यूपी में हुई है तो कार्रवाई यूपी सरकार ही करेगी कोई और सरकार कार्रवाई नहीं करेगी।
सपा के कार्यवाहक नेता सदन राम सुंदर दास निषाद ने कहा कि न्यायालय ने मृतकों को मुआवजा देने और घायलों को इलाज के लिए मुआवजा देने की बात कही गई है। लेकिन सरकार ने अब तक घायलों को कोई मुआवजा नहीं दिया गया है। कांग्रेस के दीपक सिंह ने भी इसी मामले को उठाते हुए कहा कि सरकार इस मामले में शुरू से ही लीपापोती कर रही थी। पहले वहां किसी को जाने नहीं दिया जा रहा था। प्रियंका गांधी को तीन दिनों तक अवैध हिरासत में रखा गया। जवाब में नेता सदन दिनेश शर्मा ने कहा कि जो भी घटना हुई है उसमें तत्पर्रता से कार्रवाई की गई है। अब तक बड़ी संख्या में लोगों ने अपने बयान दर्ज कराए हैं। जिन्हें सुरक्षा भी मुहैया कराई गई है। घायलों के मामलों का भी जल्द निस्तारण कराया जाएगा।