लखनऊ: सीएमओ ऑफिस से सड़क तक डॉक्टरों व कर्मचारियों में मारपीट, दौड़ा-दौड़ा कर हुई पिटाई
लखनऊ सीएमओ कार्यालय में बुधवार को कार्यशाला में शामिल होने आए संविदा डॉक्टरों ने कर्मचारी को कमरे में बंद करके पीट दिया। इस दौरान बीच बचाव करने पहुंचे सीएमओ भी धक्का-मुक्की में लड़खड़ा गए। किसी तरह मामला शांत कराकर जख्मी कर्मचारी को उपचार के लिए बलरामपुर अस्पताल भेजा। इससे गुस्साए कर्मचारियों ने शाम को कार्यशाला से निकले डॉक्टरों के कार्यालय के बाहर जमकर पीटा। दोनों पक्षों ने मुकदमा दर्ज कराने के लिए तहरीर दी है।
सीएमओ कार्यालय के दूसरे तल पर बुधवार को सभी सीएचसी-पीएचसी के डॉक्टरों की एक कार्यशाला थी। इसमें खुर्रमनगर पीएचसी के डॉ. धीरेंद्र सिंह, रहीमनगर के डॉ. मृदुल, किला मोहम्मदी के डॉ. शैलेंद्र पांडेय, सुगामऊ के डॉ. जीतेंद्र वर्मा आए थे। चारों डॉक्टर सीएमओ कार्यालय के डॉ. बीके सिंह के कमरे में गए थे। वहां किसी फाइल को लेकर उनका पहले डॉ. बीके सिंह से विवाद हुआ।
हाथापाई होने पर सीएमओ कार्यालय के कर्मचारी विपिन ने बीच बचाव किया तो चारों डॉक्टरों ने घेरकर उसे पीट दिया। बवाल होता देख सीएमओ समेत अन्य अफसर कमरे में पहुंच गए। इस दौरान धक्का-मुक्की में सीएमओ लड़खड़ाकर गिरते बचे। मामला शांत कराकर जख्मी कर्मचारी को उपचार के लिए बलरामपुर की इमरजेंसी भेजा गया। वहां उपचार के बाद उसे वापस भेज दिया गया। हंगामे के चलते मेडिकल बोर्ड न होने से मेडिकल कराने आए अभ्यर्थियों को परेशान होना पड़ा।
डॉक्टरों को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा
सीएमओ कार्यालय में कार्यशाला समाप्त होने बाद चारों डॉक्टर बाहर चाय की दुकान पर चाय पी रहे थे। इसी बीच कर्मचारियों ने उन्हें घेर लिया। इस दौरान बहस होने पर डॉक्टरों ने फिर से विपिन को पीट दिया। इससे गुस्साएं कर्मचारियों ने डॉ. जितेंद्र वर्मा व डॉ. धीरेंद्र सिंह को सड़क पर दौड़ा-दौड़ा कर पीटा। इसमें डॉ. धीरेंद्र खून से लथपथ हो गए। रोड पर लंबा जाम लग गया। मौके पर आई पुलिस ने छानबीन की।
बिल पास कराने को लेकर हुआ विवाद
अर्बन पीएचसी का बिल पास कराने को लेकर चारों डॉक्टर एडिशनल सीएमओ डॉ. बीके सिंह से भिड़ रहे थे। दोनों के बीच तीखी नोकझोंक के बाद हाथापाई हो गई। इसी बीच कमरे में मौजूद कर्मचारी ने मोबाइल से वीडियो बनाना शुरू कर दिया। यह देख चारों डॉक्टरों ने कर्मचारी का मोबाइल छीनकर पटक दिया। कर्मचारी ने विरोध किया तो उसे पीट दिया।
आज हड़ताल पर जा सकते हैं डॉक्टर
एनएचएम के जरिये सीएचसी-पीएचसी में कार्यरत डॉक्टर गुरुवार को हड़ताल पर जा सकते हैं। इसे लेकर देर रात तक डॉक्टरों के बीच वार्ता चलती रही। हालांकि कोई निष्कर्ष नहीं निकला। डॉक्टरों के हड़ताल पर जाने से मरीजों का इलाज प्रभावित होगा। सीएमओ डॉ. नरेंद्र अग्रवाल का कहना है कि डॉक्टर-कर्मचारी आपस में भिड़े थे। ऐसे में मरीजों का अनहित होने पर संबंधित डॉक्टरों पर कार्रवाई की जाएगी।
जांच कमेटी गठित, होगी कार्रवाई
सीएमओ डॉ. नरेंद्र अग्रवाल ने बताया कि कार्यालय में हुई मारपीट मामले में एफआईआर दर्ज करा दी गई है। मामले की जांच के लिए चार सदस्यीय कमेटी बनाई गई है। जांच रिपोर्ट में दोषी मिलने वाले डॉक्टरों और कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी।