गैस उपभोक्ताओं के लिए जरूरी खबर
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एक जनवरी से लखनऊ सहित प्रदेश भर में प्रस्तावित एमडीबीटीएल योजना के बाद सिलेंडरों पर मिलने वाली सब्सिडी राशि सीधे उपभोक्ता के बैंक खाते में पहुंचेगी।
इसके लिए सभी उपभोक्ताओं को गैस कनेक्शन नंबर को आधार कार्ड बेस अथवा बैंक खाते से लिंकअप कराना जरूरी होगा। तीनों तेल कंपनियां अगले सप्ताह से गैस एजेंसियों पर कंज्यूमर नंबर लिंकअप कराने वाले फार्म उपलब्ध कराएंगी।
तेल कंपनियों से जुड़े अधिकारियों ने साफ किया है कि पूर्व में डीबीटीएल योजना में आधार कार्ड बेस बैंक खाते से कंज्यूमर नंबर लिंकअप करा चुके उपभोक्ताओं को कोई टेंशन नहीं है।
उनका कंज्यूमर नंबर अपनेआप ही अपडेट हो जाएगा।
तेल कंपनियों ने 31 मार्च तक ग्रेस पीरियड का लाभ देते हुए इस अवधि में कंज्यूमर नंबर लिंकअप न करा पाने वाले उपभोक्ताओं को रियायती दर के सब्सिडी युक्त सिलेंडर का वितरण जारी रखने का फैसला किया है।
ग्रेस पीरियड के बाद भी अगले तीन माह यानी एक अप्रैल से 30 जून तक भी किन्हीं कारणों से कंज्यूमर नंबर लिंकअप न करा पाने वाले उपभोक्ताओं को पार्किंग पीरियड के तहत अपनी सब्सिडी राशि बचाने का मौका रहेगा।
उक्त अवधि में कंज्यूमर नंबर को आधार कार्ड अथवा बैंक खाते से लिंकअप कराने के बाद सब्सिडी राशि एकमुश्त बैंक खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी।
सब्सिडी के लिए बैंक खाता जरूरी
एक जनवरी से प्रस्तावित एमडीबीटीएल के तहत रियायती दर के सब्सिडी कोटे के सिलेंडरों पर मिलने वाली सब्सिडी राशि के लिए हर उपभोक्ता का बैंक में खाता जरूरी होगा।
उसे यह छूट रहेगी कि वह इस बैंक खाते को आधार कार्ड अथवा सीधे अपने कंज्यूमर नंबर से लिंकअप करा कर सब्सिडी के लिए पात्रता पूरी कर सकेगा।
तेल कंपनियों की मानें तो लखनऊ में 8.03 लाख उपभोक्ताओं में से पांच से दस फीसदी ही ऐसे होंगे जिनके पास कोई अपना बैक खाता नहीं होगा।
इससे पूर्व मार्च में डीबीटीएल योजना स्थगित होने से पहले तक करीब 1.75 लाख उपभोक्ता अपने कंज्यूमर नंबर को आधार कार्ड बेस बैंक खाते से लिंकअप करा चुके हैं।
तेल कंपनियां प्रधानमंत्री की पहल पर हाल ही में शुरू हुई जन धन योजना का सहारा भी लेगी।