फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lucknow News ›   Legislature budget session from tomorrow, CM Yogi appealed to all leaders for cooperation

बजट सत्र आज से, सीएम योगी ने सभी नेताओं से की सहयोग की अपील

Thu, 13 Feb 2020 02:16 AM IST
Abhishek Singh न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ Published by: Abhishek Singh Updated Thu, 13 Feb 2020 02:16 AM IST
विज्ञापन
Legislature budget session from tomorrow, CM Yogi appealed to all leaders for cooperation
Yogi Adityanath - फोटो : Amar Ujala

विधानमंडल के बजट सत्र से एक दिन पहले यानी बुधवार को विधानसभा अध्यक्ष ने सर्वदलीय बैठक में सभी नेताओं से सदन के संचालन में सहयोग की अपील की। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सरकार प्रदेश की सुरक्षा से लेकर युवा, महिलाओं व व्यापारियों से जुड़े हर मुद्दे पर सार्थक चर्चा एवं समाधान के लिए तैयार है। विपक्षी दलों के नेताओं ने कहा कि विधानसभा की पूर्व निर्धारित समयावधि से पहले समाप्त नहीं होनी चाहिए।

विज्ञापन


सर्वदलीय बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बजट सत्र की शुरूआत दोनों सदनों के संयुक्त अधिवेशन में राज्यपाल आनंदी बेन पटेल के अभिभाषण से होगी। राज्यपाल के अभिभाषण पर विपक्ष एवं सत्ता पक्ष को खुलकर बोलने का अवसर प्राप्त होगा। सदन महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा का मंच उपलब्ध कराता है। सदन की उच्च गरिमा और मर्यादा को बनाए रखते हुए गंभीर चर्चा से सदस्यों की गरिमा बढ़ेगी और लोकतंत्र के प्रति आम लोगों की आस्था बढ़ेगी।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि इस सत्र में देश के सबसे बड़े राज्य का बजट पेश होगा। सामान्य बजट में सभी दलीय नेताओं के साथ-साथ सदस्यों को भी अपनी बात रखने और सुझाव देने का अच्छा अवसर मिलेगा। यदि हम इस समय का उपयोग कर सके तो चार-पांच दिन तक बजट पर ही चर्चा में प्रत्येक सदस्य को अपनी बात रखने का अवसर प्राप्त हो सकेगा। 

विज्ञापन
विज्ञापन

कार्यवाही शब्दों की धरोहर

सीएम योगी ने कहा, सदन में हम जो बोलते है, समाप्त नहीं होता है। उस शब्द को अमरता प्रदान करने का माध्यम विधान सभा है। सदन की कार्यवाही के रूप में शब्दों की धरोहर बनती है। जब तक भारत के लोकतंत्र का इतिहास अक्षुण रहेगा, सदस्यों द्वारा सदन में बोली गई बातें सुरक्षित रहेंगी। इसलिए सदस्यों के सुझाव प्रभावी, महत्वपूर्ण और प्रदेश के लिए कल्याणकारी होने चाहिएं। संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने सदन के निविघ्न संचालन में सहयोग करने की अपील की।

'राज्यपाल का अभिभाषण शांति से सुनने की परिपाटी डालें'

विधानसभा अध्यक्ष ह्रदय नारायण दीक्षित ने कहा कि लोकतंत्र दृष्टि से उत्तर प्रदेश का देश में महत्वपूर्ण स्थान रहा है। सदन की कार्यवाही सुचारू चलती है तो आम जनता को बड़ा लाभ होता है। वैसे, विधान सभा की दृष्टि से विपक्ष और सत्ता पक्ष अलग-अलग नहीं होते हैं। वे एक ही अंग हैं। सदन की कार्यवाही चलने से सरकार को फायदा होता है, जानकारियां बढ़ती है। विपक्ष को जानकारियां साक्षा करने से फायदा होता है।

विपक्ष अपना पक्ष, कार्यक्रम व सुझाव रख सकता है। उन्होंने सभी दलीय नेताओं से अनुरोध किया कि वे सदन में अपना पक्ष शालीनता व मर्यादा के साथ रखे। प्रेमपूर्ण वातावरण में सदन में बहस हो। प्रश्नोत्तर के समय अधिक से अधिक प्रश्न विचार के लिए आ सके। दीक्षित ने राज्यपाल के अभिभाषण को सदन में शांतिपूर्ण सुनने की परिपाटी विकसित करते हुए सदन को गरिमामय बनाने की भी अपील की।  

जितने दिन की घोषणा हुई, उतने दिन चले सदन: विपक्ष

सर्वदलीय बैठक में नेता विरोधी दल रामगोविंद चौधरी के स्थान पर उज्जवल रमण सिंह, बसपा के लाल जी वर्मा और कांग्रेस की नेता आराधना मिश्र मोना के साथ पर नरेश सैनी और अपना दल एस के नेता नील रतन पटेल ने भाग लिया। लाल जी वर्मा ने कहा कि जितने दिनों तक सदन चलाने की घोषणा हुई है, उतने दिन सदन अवश्य चलना चाहिए। विपक्ष को सभी मुद्दों को शांतिपूर्वक रखने का अवसर प्राप्त होना चाहिए।

उन्होंने सदन को गरिमामय ढंग से संचालित करने में सहयोग देने का आश्वासन दिया। सपा के उज्जवल रमण सिंह ने विधेयकों को प्रथम प्रहर में लिए जाने के लिए अपना सुझाव रखते हुए सहयोग का मंतव्य दोहराया। कांग्रेस के नरेश सैनी और अपना दल एस के नील रतन पटेल ने कहा कि वे सदन के संचालन में सकारात्मक सहयोग देंगे।

अभिभाषण कल, बजट 18 को

विधानसभा की कार्यमंत्रणा समिति में 13 फरवरी से 7 मार्च तक घोषित कार्यक्रमों पर चर्चा हुई। विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने बताया कि 13 फरवरी को 11 बजे दोनों सदनों के संयुक्त अधिवेशन में राज्यपाल का अभिभाषण होगा। 14, 17, 18 एवं 19 फरवरी को राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा होगी। 18 फरवरी को 11 बजे वर्ष 2020-21 के आय-व्यय (बजट) का प्रस्तुतीकरण होगा। 20 फरवरी से सामान्य बजट पर चर्चा प्रारंभ होगी।

24, 25, 26 व 27 फरवरी को बजट पर चर्चा होगी। 28 फरवरी से 7 मार्च तक विभिन्न विभागों की अनुदान मांगों पर विचार कर उन्हें पारित किया जाएगा। 14 फरवरी को निधन पर शोक प्रस्ताव रखा जाएगा। बैठक में मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह, रमापति शास्त्री, लक्ष्मी नारायण चौधरी, स्वामी प्रसाद मौर्य, गुलाब देवी के अलावा विधान सभा के प्रमुख सचिव प्रदीप कुमार दुबे, प्रमुख सचिव संसदीय कार्य जेपी सिंह खासतौर पर उपस्थित रहे।  

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed